नोएडा सेक्टर-8 में फैक्ट्री गेट पर महिलाओं का उग्र प्रदर्शन

Noida Protest: सेक्टर-8 स्थित 'सन वॉइस इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड' का है। यहां काम करने वाली महिलाओं ने सुबह से ही कंपनी के मुख्य गेट पर धरना दे दिया। उनकी मुख्य मांग सैलरी बढ़ाने की थी, लेकिन जैसे ही संख्या बढ़ी, विरोध प्रदर्शन तेज हो गया। कुछ ही देर में कंपनी के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई और वहां अफरा-तफरी का माहौल हो गया।

11 हजार की सैलरी और 12 घंटे के काम पर भड़कीं नोएडा की महिलाएं
---Advertisement---

HIGHLIGHTS

  • मारपीट के आरोप के बीच पुलिस ने भरी हिरासत
  • सैलरी बढ़ाने की मांग को लेकर महिला कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन
  • 'सन वॉइस इलेक्ट्रॉनिक्स' में वेतन वृद्धि को लेकर हड़ताल
  • पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने मौके पर संभाला मोर्चा
  • नोएडा की इस कंपनी में क्यों फूटा महिला कर्मचारियों का गुस्सा?

Noida News: दिल्ली एनसीआर के नोएडा सेक्टर-8 स्थित एक इलेक्ट्रॉनिक्स कंपनी में आज शुक्रवार को वेतन वृद्धि और काम के बोझ को लेकर सैकड़ों महिला कर्मचारियों ने जमकर प्रदर्शन किया। शुरुआत में शांत धरना देखते ही देखते उग्र हंगामे में बदल गया, जिसके बाद मौके पर भारी पुलिस बल को तैनात करना पड़ा। पुलिस ने स्थिति काबू करने के लिए कई आक्रोशित महिलाओं को हिरासत में लिया है।

सन वॉइस इलेक्ट्रॉनिक्स में मचा हड़कंप

यह पूरा मामला सेक्टर-8 स्थित ‘सन वॉइस इलेक्ट्रॉनिक्स प्राइवेट लिमिटेड’ का है। यहां काम करने वाली महिलाओं ने सुबह से ही कंपनी के मुख्य गेट पर धरना दे दिया। उनकी मुख्य मांग सैलरी बढ़ाने की थी, लेकिन जैसे ही संख्या बढ़ी, विरोध प्रदर्शन तेज हो गया। कुछ ही देर में कंपनी के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई और वहां अफरा-तफरी का माहौल हो गया।

कंपनी और पुलिस पर लगे गंभीर आरोप

प्रदर्शनकारी महिलाओं ने मीडिया को बताया कि जब उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की कोशिश की, तो फैक्ट्री मैनेजमेंट ने उनके साथ बदसलूकी और मारपीट की। महिलाओं का आरोप है कि पुलिस ने भी फैक्ट्री का गेट बंद कर उन्हें बाहर निकलने से रोक दिया और उन्हें अंदर ही कैद करने की कोशिश की।

पूर्व कर्मचारी ने बयां किया दर्द

कंपनी की पूर्व कर्मचारी सुल्ताना परवीन ने मौके पर मीडिया से बातचीत करते हुए फैक्ट्री में होने वाले शोषण का पर्दाफाश किया। उन्होंने बताया कि मात्र 11,000 रुपये महीने की सैलरी में आज के समय में गुजारा करना नामुमकिन है। ऊपर से कंपनी में 12-12 घंटे काम करवाया जाता है और काम का दबाव इतना ज्यादा है कि राहत लेने का भी मौका नहीं मिलता।

पुलिस कमिश्नर ने संभाला मोर्चा

हंगामे की सूचना मिलते ही नोएडा की पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह खुद भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं। उन्होंने काफी देर तक आक्रोशित महिलाओं को समझाने-बुझाने का प्रयास किया, लेकिन जब महिलाएं किसी तरह की समझौता नहीं मानीं और उग्र हो गईं, तो पुलिस को सख्त कदम उठाने पड़े। बवाल कर रही कई महिलाओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।

Rishi Tiwari

ऋषी तिवारी (Rishi Tiwari) वर्ष 2011 में मुंबई से पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखा और मुंबई से प्रकाशित मुंबई मित्र जैसे समाचारपत्रों में अपनी सक्रिय भूमिका निभाई। इसके बाद दिल्ली एनसीआर में एपीएनएस न्यूज ऐजेंसी लंबे समय तक सेवाएं देने के पश्चात सेवानिवृत्त हुए। वर्ष 2018 में इन्होंने संध्या समय न्यूज के साथ अपनी नई पत्रकारिता पारी की शुरुआत की। पिछले कई वर्षो से से जुड़े रहकर निष्पक्ष, प्रभावी और जनसरोकारों पर आधारित पत्रकारिता को मजबूती से आगे बढ़ा रहे हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment