Delhi NCR Weather: दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR) में शुक्रवार को मौसम ने अचानक करवट ले लिया और तेज आंधी-तूफान और मूसलाधार बारिश ने लोगों को भारी परेशानी में डाल दिया। बारिश और तूफान के कारण शहर के कई हिस्सों में जलभराव और बिजली नहीं रही। जबकि प्रमुख मार्गों पर भारी ट्रैफिक जाम लगने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इसे देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है।
सड़कों पर फंसी गाड़ियां, यात्रियों को घंटों का इंतजार
बता दें कि बारिश और आंधी ने दिल्ली-एनसीआर की ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। कालिंदी कुंज, डीएनडी, महामाया फ्लाईओवर, दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे और दिल्ली कैंट से लेकर राजौरी गार्डेन तक वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। नोएडा और दिल्ली के बीच आने-जाने वाले यात्रियों के लिए कालिंदी कुंज नाका एक गले की फांस बन गया। एक यात्री ने सोशल मीडिया (X) पर शिकायत करते हुए बताया कि रेड लाइट क्षेत्र में भारी जाम लगा हुआ है और मौके पर ट्रैफिक कर्मचारी मौजूद नहीं है।
हालांकि, दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सरिता विहार सर्कल के ट्रैफिक इंस्पेक्टर को इस संबंध में सूचना दे दी गई है। वहीं, रिंग रोड पर दिल्ली कैंटोनमेंट मेट्रो स्टेशन और राजौरी गार्डन के बीच यात्रियों को 30 से 40 मिनट का अतिरिक्त समय खर्च करना पड़ा।
आईएमडी का अलर्ट: अगले कुछ घंटे रहें सतर्क
बता दें कि दिल्ली और आसपास के इलाकों में पश्चिम से पूरब की दिशा में तेज आंधी-तूफान चल रहा है। आईएमडी के लेटेस्ट रडार ट्रैकिंग में तेज कन्वेक्टिव कोर (येलो/रेड जोन) देखा गया है, जो हल्की बारिश, आंधी और बिजली गिरने का संकेत देता है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि यह गतिविधि अभी जारी रहेगी और अगले कुछ घंटों तक बारिश होने की संभावना है। कई इलाकों से पेड़ और झोपड़ियां गिरने की भी खबरें हैं। लोगों को सुरक्षित रहने और खुली जगहों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।
क्यों आया यह तूफान? मौसम विज्ञानी बता रहे ये वजह
बता दें कि मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, एक पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) उत्तर भारत के पहाड़ों से गुजर रहा है। इसके साथ ही, मध्य पाकिस्तान, उत्तरी राजस्थान और दक्षिणी पंजाब के आसपास एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन (चक्रवातीय परिसंचरण) बना हुआ है। इस सर्कुलेशन से निकलने वाली एक ईस्ट-वेस्ट ट्रफ लाइन हरियाणा और दिल्ली होते हुए दक्षिण-पश्चिम उत्तर प्रदेश तक जा रही है। इन दोनों मौसमी प्रणालियों के असर से जम्मू-कश्मीर में बारिश हुई, जबकि मैदानी इलाकों में बादल छाए हुए हैं। पंजाब, हरियाणा और उत्तर राजस्थान में भी गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना जताई गई है।
लू से राहत या ‘टच एंड गो’?
दिल्लीवासियों को इस बारिश से भीषण गर्मी से लंबे समय तक राहत मिलने की उम्मीद नहीं है। मौसम विभाग के मुताबिक, यह स्थिति ‘टच एंड गो’ (Touch and Go) वाली है। अभी आंधी-तूफान और बारिश से तापमान जरूर गिरा है, लेकिन सतही हवाओं के हल्का पड़ने के बाद तापमान फिर से बढ़ सकता है। शुक्रवार को दिल्ली का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के करीब दर्ज किया गया। हालांकि, इस वीकेंड में लोगों को थोड़ी राहत मिल सकती है। आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार, अगले चार दिनों (18 से 22 अप्रैल) तक दिल्ली-एनसीआर में बारिश की कोई संभावना नहीं है, जिससे लू और गर्मी का प्रकोप एक बार फिर बढ़ सकता है।



















