Tamil Nadu News: तमिलनाडु के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के बाद थलापति विजय ने जनता से किए गए बड़े वादों के बीच राज्य के खाली खजाने और भारी कर्ज का जिक्र किया है, जिस पर पूर्व मुख्यमंत्री और डीएमके सुप्रीमो एमके स्टालिन भड़क गए हैं। स्टालिन ने विजय को शुभकामनाएं तो दीं, लेकिन तंज कसते हुए स्पष्ट कहा कि सत्ता में आते ही यह कहना शुरू न करें कि सरकार के पास धन नहीं है।
विजय के बड़े ऐलान और ‘कर्ज’ का हवाला
बता दें कि सीएम बनने के बाद अपने पहले ही भाषण में थलापति विजय ने बड़े ऐलान किए। उन्होंने 200 यूनिट फ्री बिजली देने और महिलाओं की सुरक्षा के लिए एक विशेष टास्क फोर्स बनाने की घोषणा की। हालांकि, इसी दौरान उन्होंने कहा कि पिछली सरकार ने तमिलनाडु पर 10 लाख करोड़ रुपये का भारी कर्ज छोड़ा है और खजाना खाली है। उनका यह बयान डीएमके को सीधे तौर पर निशाने पर लेकर आया।
‘पैसा है, शासन करने की इच्छाशक्ति चाहिए’- स्टालिन
विजय के इस बयान पर एमके स्टालिन ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। स्टालिन ने कहा कि मैं आपको शुभकामनाएं देता हूं, लेकिन तुरंत यह कहना शुरू न करें कि सरकार के पास धन नहीं है। सरकार के पास धन है। आवश्यकता बस इस बात की है कि उस धन को जनता तक पहुंचाने की इच्छाशक्ति और शासन करने की क्षमता हो।
स्टालिन ने अपने कार्यकाल का बचाव करते हुए कहा कि पिछले पांच वर्षों में कोविड महामारी और बाढ़ जैसी विनाशकारी समस्याओं के बावजूद, और केंद्र में भाजपा सरकार की लगातार उपेक्षा का सामना करने के बावजूद, हमने तमिलनाडु की जनता के लिए अनगिनत कल्याणकारी योजनाएं लागू कीं।
क्या आपको बजट की जानकारी नहीं थी?
डीएमके प्रमुख ने विजय पर सीधा सवाल उठाते हुए कहा कि तमिलनाडु का ऋण स्तर निर्धारित सीमा के भीतर ही है और कहा कि हमने फरवरी में पेश किए गए बजट में ही तमिलनाडु सरकार की वित्तीय हालत स्पष्ट कर दी थी। क्या आपको यह जानकारी नहीं थी? क्या आपने जनता से सिर्फ झूठे वादे किए थे? जिन लोगों ने आपको वोट दिया है, उन्हें फिर से धोखा न दें और मुद्दे को भटकाने की कोशिश न करें
‘वादे पूरे करने के तौर-तरीके जल्द सीख लेंगे’
स्टालिन ने अपने बयान में विजय पर तंज कसते हुए उनकी पुरानी बात याद दिलाई और कहा कि आप ये कहकर सत्ता में आए थे कि ‘मैं जनता से वही वादे करूंगा, जिन्हें मैं पूरा कर सकूं’। अब आप सरकार चलाने की शुरुआत ही कर रहे हैं। मुझे विश्वास है कि हमारी तरह आप भी जल्द ही जनता से किए गए वादों को पूरा करने के तौर-तरीके सीख लेंगे।
उन्होंने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि जिन लोगों ने आपको वोट दिया है, उनके साथ-साथ मैं भी यही उम्मीद करता हूं। एक बार फिर, आपके शासन में तमिलनाडु के विकास की यात्रा जारी रहने के लिए मेरी शुभकामनाएं! स्पष्ट है कि तमिलनाडु में सत्ता परिवर्तन के बाद ही नई सरकार और विपक्ष के बीच बयानबाजी का यह सिलसिला शुरू हो गया है, जिसमें राज्य की वित्तीय स्थिति अब एक बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनता नजर आ रही है।























