UP News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक संगठित ‘हनी ट्रैप’ गैंग ने 16 वर्षीय नाबालिग लड़के को बहला-फुसलाकर अगवा कर लिया और परिवार से 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगी। मामला थाना ठाकुरगंज क्षेत्र का है। पीड़ित की मां की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी महिला समेत उसके गिरोह के खिलाफ दुष्कर्म, अपहरण, POCSO और रंगदारी जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच तेज कर दी है।
साजिश के तहत फंसाया गया नाबालिग
पीड़ित की मां ने बताया कि मुख्य आरोपी महिला आतिका सिद्दीकी अपने परिवार के साथ मिलकर इस गिरोह का संचालन कर रही है। उनका आरोप है कि उनके बेटे को साजिश के तहत फंसाया गया और फिर अगवा कर लिया गया। इसके बाद परिवार पर जबरदस्त दबाव बनाकर 25 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई। खुलासा हुआ है कि रंगदारी मांगते हुए गिरोह के कुछ सदस्य कैमरे में कैद भी हो गए हैं।
गिरोह में शामिल हैं फर्जी पत्रकार और सोशल वर्कर
इस मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि इस हनी ट्रैप गैंग में केवल आरोपी का परिवार ही नहीं, बल्कि कुछ ऐसे लोग भी शामिल बताए जा रहे हैं जो खुद को ‘सामाजिक कार्यकर्ता’ और ‘पत्रकार’ कहते हैं। पीड़ित परिवार का आरोप है कि इन फर्जी पत्रकारों और एक्टिविस्ट्स की भूमिका मामले को भटकाने और परिवार पर साबित करने के लिए दबाव बनाने में सक्रिय थी। पुलिस इस पहलू को गंभीरता से जांच रही है कि गिरोह ने किस तरह से इन लोगों का इस्तेमाल ‘सुरक्षा कवच’ के रूप में किया।
सोशल मीडिया पर डाले गए फर्जी वीडियो
गिरोह ने पुलिस और प्रशासन को भ्रमित करने के लिए सोशल मीडिया का भी खूब इस्तेमाल किया। आरोप है कि आरोपी पक्ष द्वारा तैयार करवाए गए फर्जी वीडियो को वायरल कर पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश की गई, ताकि मामले को उलटा दिखाया जा सके और आरोपियों को बचाव का रास्ता निकाला जा सके। हालांकि, पुलिस ने सभी डिजिटल साक्ष्यों (Digital Evidence) को जब्त कर उनकी जांच शुरू कर दी है।
सीएम योगी से मिली है सख्त कार्रवाई की मांग
पीड़िता की मां ने इस पूरे प्रकरण को एक बड़े संगठित गिरोह से जोड़कर देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और लखनऊ पुलिस कमिश्नर से सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके बेटे को षड्यंत्र के तहत फंसाया गया है और आरोपी बेलगाम होकर घूम रहे हैं।
पुलिस की कार्रवाई और अगले कदम
प्रारंभिक जांच में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी महिला द्वारा पीड़ित पक्ष पर लगाए गए सभी आरोप बेबुनियाद और फर्जी पाए गए हैं, जिसके बाद उसके खिलाफ गैंग बनाकर रंगदारी मांगने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
फिलहाल, मुख्य आरोपी आतिका सिद्दीकी और उसके अन्य सहयोगी फरार हैं। सूत्रों के अनुसार, कुछ लोगों द्वारा आरोपियों को संरक्षण दिए जाने की भी आशंका जताई जा रही है, जिसकी पुलिस जांच कर रही है। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस कई टीमें लगाकर दबिश दे रही है और क्षेत्र में सुरक्षा व निगरानी कड़ी कर दी गई है।




















