Haryana News:हरियाणा सरकार ने राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक कुशल बनाने के लिए एक बड़ा फेरबदल किया है। मंगलवार की देर रात सरकार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के 18 और हरियाणा नागरिक सेवा (HCS) के 3 अधिकारियों के तबादले और नियुक्ति के आदेश जारी कर दिए हैं। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। इस बड़े प्रशासनिक उलटफेर में कई जिलों के जिला उपायुक्तों (DC) को बदला गया है, जबकि कई वरिष्ठ अधिकारियों को अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।
दिलचस्प बात यह है कि इस बड़े फेरबदल से ठीक एक दिन पहले ही, यानि सोमवार को सरकार ने 6 IAS और 18 HCS अधिकारियों के तबादले किए थे। लगातार दो दिनों में हो रहे इस बड़े पैमाने पर तबादलों से साफ है कि सरकार आगामी समय में प्रशासनिक कार्यों की गति को तेज करना चाहती है और अधिकारियों की नई टीमों के साथ काम करेगी।
प्रमुख नियुक्तियां और नए कार्यभार
इस ताजा फेरबदल में कई चर्चित और कुशल अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। यहाँ प्रमुख नियुक्तियों पर एक नज़र है:
1. पंकज यादव को मिली बड़ी जिम्मेदारी
नियुक्ति की प्रतीक्षा कर रहे वरिष्ठ IAS अधिकारी पंकज यादव को सरकार ने तीन बड़ी जिम्मेदारियां सौंपी हैं। उन्हें सहयोग विभाग और जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग का प्रधान सचिव नियुक्त किया गया है। इसके साथ ही उन्हें हरियाणा भवन, नई दिल्ली में प्रिंसिपल रेजीडेंट कमिश्नर (PRC) का अहम पद भी दिया गया है। दिल्ली में PRC का पद काफी महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि राज्य सरकार और केंद्र सरकार के बीच समन्वय का यह मुख्य केंद्र होता है।
2. मोहम्मद इमरान रजा का तबादला
जींद के जिला उपायुक्त (DC) रहे मोहम्मद इमरान रजा को जिले से हटाकर मुख्यालय भेजा गया है। उन्हें अब निदेशक और विशेष सचिव (मानव संसाधन विभाग) की जिम्मेदारी दी गई है। मानव संसाधन विभाग में उनकी नियुक्ति से प्रदेश में कर्मचारियों से जुड़े मामलों और नियुक्तियों में तेजी आने की उम्मीद है।
3. जिलों में बदले DC
फेरबदल का सबसे असर जिला स्तरीय प्रशासन पर दिखा।
- डॉ. वैशाली शर्मा को जींद का नया जिला उपायुक्त बनाया गया है। उनके कंधों पर अब जींद जिले के विकास और कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी होगी।
- मनदीप कौर को चरखी दादरी की नई जिला उपायुक्त के रूप में तैनात किया गया है।
4. संजय जून और अपराजिता को अतिरिक्त प्रभार
फरीदाबाद के मंडलायुक्त संजय जून को मेवात विकास एजेंसी के चेयरमैन का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है। मेवात क्षेत्र अपने विकास के लिए सरकार की प्राथमिकताओं में रहता है, ऐसे में संजय जून के पास इस अतिरिक्त जिम्मेदारी के साथ फरीदाबाड़ा मंडल और मेवात दोनों क्षेत्रों की निगरानी करना एक बड़ी चुनौती होगी।
वहीं, कैथल की उपायुक्त अपराजिता को अपने वर्तमान पद के साथ-साथ मत्स्य विभाग की अतिरिक्त सचिव का काम भी सौंपा गया है।
‘अतिरिक्त प्रभार’ क्यों? सरकार की रणनीति
इस फेरबदल में एक खास बात सामने आई है कि कई वरिष्ठ अधिकारियों को एक ही विभाग या क्षेत्र के अलावा दूसरे विभागों का ‘अतिरिक्त कार्यभार’ (Additional Charge) दिया गया है। हालांकि इसे अधिकारियों पर काम का बोझ बढ़ाने के रूप में देखा जा सकता है, लेकिन प्रशासनिक जानकारों का मानना है कि सरकार उन अधिकारियों पर भरोसा करती है जो अपने काम में तेज और परिणामोन्मुखी होते हैं।
कई बार विशेष परियोजनाओं को तेजी से पूरा करने या किसी विभाग में आ रही रिक्तियों को तुरंत भरने के लिए अतिरिक्त प्रभार दिया जाता है, ताकि काम की गति न धीमी पड़े।
जिला प्रशासन पर क्या होगा असर?
जींद और चरखी दादरी जैसे जिलों में DC बदलने का सीधा असर जनता और जिला स्तरीय विकास कार्यों पर पड़ेगा। नए जिला उपायुक्तों (डॉ. वैशाली शर्मा और मनदीप कौर) के लिए चुनौती होगी कि वे पिछले अधिकारियों द्वारा शुरू की गई विकास योजनाओं को आगे बढ़ाएं और जिले में कानून-व्यवस्था को चुस्त बनाए रखें। आमतौर पर नए DC के आने पर जिला प्रशासन की कार्यशैली में एक नया उत्साह और पारदर्शिता आती है।
हरियाणा सरकार का यह कदम लोकसेवा और प्रशासनिक दक्षता को बेहतर बनाने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है। लगातार हो रहे तबादलों से सरकार का संदेश साफ है कि कोई भी अधिकारी एक जगह पर लंबे समय तक टिकने की स्थिति में नहीं है और उन्हें अपने प्रदर्शन के अनुसार ही नई जिम्मेदारियां दी जाएंगी। अब देखना होगा कि इन नए पदों पर बैठे अधिकारी सरकार की नीतियों को जमीनी स्तर पर कैसे उतारते हैं और जनता को राहत कैसे पहुंचाते हैं।
























