Haryana News: हरियाणा के कैथल जिले से अंधविश्वास और ठगी का एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसे सुनकर पुलिस भी हैरान रह गई। एक महिला तांत्रिक और उसके परिवार ने बीमारी ठीक करने के नाम पर एक परिवार से 1.07 करोड़ रुपये ठग लिए। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि तांत्रिक क्रियाओं के नाम पर पीड़ित का सीरिंज से खून तक निकाला गया। जब पीड़ित ने अपने पैसे वापस मांगे, तो उसे जादू-टोना करके सर्वनाश की धमकी दी गई।
पुलिस ने इस मामले में महिला तांत्रिक सुमन उर्फ शक्ति देवी, उसके पति बलराज बेनीवाल, बेटे वंश और एक अन्य सहयोगी संजीव कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
परिवार के हर सदस्य की थी तय भूमिका
प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ है कि यह ठगी का खेल किसी एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे परिवार का सुनियोजित षड्यंत्र था। इस गिरोह में हर सदस्य की भूमिका पहले से तय थी। सुमन लोगों को तंत्र-मंत्र और झाड़-फूंक के जरिए भ्रमित करती थी। उसके पति बलराज पीड़ितों से नकदी, जेवरात और अन्य कीमती सामान इकट्ठा करते थे। बेटा वंश कैश (नकदी) का प्रबंधन और हिसाब-किताब संभालता था, जबकि संजीव कुमार का काम नए शिकारों (लोगों) को बहला-फुसलाकर महिला तांत्रिक के पास लाना था।
जमीन बेचकर दिए 83 लाख रुपये
मामले की शिकायत सांघन गांव निवासी अमनदीप सिंह ने पुलिस में दर्ज कराई है। अमनदीप ने बताया कि उनके पिता लंबे समय से किसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे और चिकित्सा व्यवस्था का कोई असर नहीं हो रहा था। इसी दौरान एक परिचित के जरिए उनका परिवार सुमन उर्फ शक्ति देवी के संपर्क में आया। सुमन ने उन्हें भरोसा दिलाया कि उनके पिता को ठीक नहीं होने का कारण घर पर किया गया जादू-टोना है।
इसके बाद सुमन ने काली माता की पूजा, बलि और मंदिर निर्माण जैसे तरह-तरह के बहाने बनाकर लाखों रुपये की मांग करनी शुरू कर दी। अमनदीप के मुताबिक, उन्होंने अपनी खेती की जमीन भी बेच दी और करीब 83 लाख रुपये नकद में दिए, जबकि बाकी रकम ऑनलाइन ट्रांसफर और जेवरात के रूप में दी गई। कुल मिलाकर यह रकम 1.07 करोड़ रुपये से अधिक हो गई।

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तांत्रिक अनुष्ठानों के नाम पर सीरिंज से निकाला गया खून
शिकार बनने के दौरान अमनदीप और उनके परिवार के साथ जो कुछ हुआ, वह किसी दरिंदगी से कम नहीं था। आरोप है कि सुमन उन्हें अलग-अलग धार्मिक स्थलों पर ले गई। वहां विशेष तांत्रिक अनुष्ठानों के नाम पर पीड़ित का सीरिंज के जरिए खून निकाला गया।
जैसे-जैसे समय बीतता गया, पैसों की मांग बढ़ती गई और अमनदीप के पिता की बीमारी में कोई सुधार नहीं हुआ, तो पीड़ित परिवार को ठगी का अहसास होने लगा। जब अमनदीप ने सुमन से अपने पैसे और जेवर वापस मांगे, तो आरोपी महिला बौखला गई और उसने तांत्रिक विधि से पूरे परिवार का सर्वनाश करने की धमकी दी।
अच्छी छवि का फायदा उठाता था यह परिवार
इस मामले ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। बुड्ढा खेड़ा गांव में सुमन का एक पुराना दो मंजिला मकान है। स्थानीय लोगों का कहना है कि गांव में इस परिवार की छवि काफी सामान्य और अच्छी थी। किसी को भी यकीन नहीं हो रहा कि वे इस तरह के गंभीर अपराध में लिप्त हैं। पुलिस को आशंका है कि दान के नाम पर 51 हजार रुपये तक की वसूली करने वाले इस गिरोह के शिकार अब तक 100 से अधिक लोग हो सकते हैं।
वर्तमान में पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है। साथ ही, आरोपियों द्वारा ठगी से अर्जित की गई संपत्तियों की जांच की जा रही है, ताकि इस पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके और अन्य पीड़ित भी सामने आ सकें। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे तांत्रिकों और झाड़-फूंक वालों से सावधान रहें और किसी भी संदेहास्पद स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करें।



















