UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण बिल) को लेकर संसद में विपक्ष के रुख पर बड़ा हमला बोला है। लखनऊ में मीडिया से बातचीत के दौरान सीएम योगी ने कांग्रेस और INDIA गठबंधन पर ‘षड्यंत्र’ रचने का आरोप लगाते हुए कहा कि महिला अधिकारों के मुद्दे पर विपक्ष की सोच बहुत ही तुच्छ है। उन्होंने कांग्रेस पर ऐतिहासिक ‘शाहबानो कांड’ से लेकर ‘ट्रिपल तलाक’ तक के मुद्दों पर मुस्लिम महिलाओं के साथ भेदभाव करने का सनसनीखेज आरोप लगाया। यहां हैं सीएम योगी के इस प्रेस कॉन्फ्रेंस की 5 बड़ी बातें:
1. संसद में षड्यंत्र और विपक्ष की तुच्छ सोच
सीएम योगी ने कहा कि महिला आरक्षण बिल पास कराने के दौरान संसद में कांग्रेस, सपा, टीएमसी, डीएमके और आरजेडी ने जो आचरण दिखाया, वह शर्मनाक रहा। उन्होंने कहा कि इस बिल में पुरुषों का कोई अधिकार नहीं मारा जा रहा था, फिर भी विपक्ष ने परिसीमन को लेकर भ्रम फैलाया। ये लोग देशहित के कदमों को रोकने के लिए किस हद तक षड्यंत्र कर सकते हैं, ये साफ दिख रहा है। जो भी इस पाप में भागीदार है, जनता उसके खिलाफ है।”
2. शाहबानो से लेकर ट्रिपल तलाक तक कांग्रेस का ‘पाप’
कांग्रेस पर निशाना साधते हुए सीएम योगी ने कहा कि आज जो लोग मुस्लिम महिलाओं के अधिकारों की बात करते हैं, वे तब कहां थे जब कांग्रेस सरकार में शाहबानो मामले में मुस्लिम महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित रखा गया? उन्होंने कहा कि NDA सरकार ने कांग्रेस के इस पाप का परिमार्जन किया और ट्रिपल तलाक जैसी कुरीति के खिलाफ कानून बनाया, जिसका विरोध भी कांग्रेस ने ही किया था।
3. बाबा साहेब की दुहाई, लेकिन रास्ते पर नहीं चलते विपक्ष
सीएम योगी ने तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों को देश में सबसे ज्यादा समय तक शासन करने का मौका मिला, लेकिन उन्होंने महिला, गरीब और किसान के लिए कभी अच्छी सोच नहीं रखी। उन्होंने कहा कि ये लोग बाबा साहेब अंबेडकर की दुहाई तो देते हैं, लेकिन उनके दिखाए रास्ते पर कभी नहीं चलते।”
4. पीएम मोदी की ‘4 जातियां’ वाली थ्योरी पर दिया जोर
सीएम योगी ने पीएम नरेंद्र मोदी के 2014 के बयान को याद कराते हुए कहा कि पीएम मोदी ने साफ कहा था कि देश में सिर्फ 4 जातियां हैं— नारी, गरीब, युवा और किसान। उन्होंने कहा कि जातिवाद के नाम पर जिन लोगों ने अपने परिवार का भरण-पोषण करने के लिए देश को लूटा है, उनके लिए यह एक चुनौती और चेतावनी थी।
5. दक्षिण भारत के राज्यों को लेकर दिया ये स्पष्टीकरण
विपक्ष द्वारा दक्षिण भारत के राज्यों में सीटों के अनुपात को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर सीएम योगी ने साफ किया कि किसी का हक नहीं कम होने वाला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने साफ कह दिया है कि 2011 की जनगणना के आधार पर जो व्यवस्था है, उसी के तहत जैसे उत्तर और पूर्वी राज्यों में सीटें बढ़ेंगी, वैसे ही दक्षिण के राज्यों में भी अनुपात बढ़ेगा। 33 फीसदी आरक्षण के लिए लोकसभा और विधानसभा में अतिरिक्त सीटें बढ़ाई जाएंगी।
आधी आबादी का आक्रोश
अंत में सीएम योगी ने चेतावनी देते हुए कहा कि आधी आबादी (महिलाओं) का आक्रोश इस बार देश में साफ दिख रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की एकमात्र इच्छा है कि 2029 में इस संशोधन के साथ भारत की नारी को सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन का अधिकार दिया जाए, लेकिन विपक्ष इसमें भी बाधा बन रहा है।




















