Delhi News: केंद्र सरकार के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के निर्देशों के तहत दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति में भारी वृद्धि करने का ऐलान किया है। पहले जहां यह कोटा 20 प्रतिशत तक सीमित था, अब उसे बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया गया है। इस फैसले के बाद दिल्ली में कमर्शियल सिलेंडरों की दैनिक आपूर्ति 1800 से बढ़कर 4500 (19 किलो) हो गई है। यह नया आवंटन तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
पीएम मोदी का शुक्रिया अदा किया
दिल्ली के खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने सचिवालय में प्रेस वार्ता कर इस जानकारी को साझा किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्र सरकार का धन्यवाद करते हुए कहा कि पीएम मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और समय पर लिए गए फैसले की वजह से दिल्लीवासियों को कमर्शियल एलपीजी की सप्लाई में किसी तरह की दिक्कत नहीं होगी। उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था के तहत एलपीजी वितरण को 7 प्रमुख श्रेणियों में बांटा गया है। सप्लाई केंद्र सरकार के नियमों के अनुसार की जा रही है, जिसमें पिछले तीन महीने की औसत खपत को आधार बनाया गया है और जरूरी सेक्टर को प्राथमिकता दी जा रही है।
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जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त अंकुश
बता दें कि मंत्री सिरसा ने स्पष्ट किया कि सप्लाई को लेकर कोई कमी नहीं छोड़ी जा रही है, लेकिन साथ ही जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए भी सख्त कदम उठाए गए हैं। उन्होंने बताया कि वेट्स एंड मेजर्स और खाद्य एवं आपूर्ति विभाग की 70 संयुक्त टीमें पूरे दिल्ली में छापेमारी कर रही हैं। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ ‘आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955’, ‘एलपीजी वितरण आदेश 2000’ और ‘भारतीय न्याय संहिता 2024’ के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। सिरसा ने कहा, “स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। सप्लाई सामान्य है। मैं दिल्ली के लोगों से अपील करता हूं कि अफवाहों पर ध्यान न दें।”
4500 सिलेंडरों का वितरण इस तरह होगा
बढ़े हुए कोटे के तहत कुल 4,500 सिलेंडर (19 किलो) के वितरण को 7 श्रेणियों में बांटा गया है, ताकि जरूरी सेवाओं और व्यापारिक गतिविधियों पर कोई विपरीत असर न पड़े:
- श्रेणी 1 (जरूरी सेवाएं): स्कूल, अस्पताल, बस अड्डे, रेलवे, एयरपोर्ट – 225 सिलेंडर (5%)
- श्रेणी 2 (संस्थान): सरकारी संस्थान, पीएसयू, औद्योगिक कैंटीन, कम्युनिटी किचन – 225 सिलेंडर (5%)
- श्रेणी 3 (होटल/रेस्टोरेंट): होटल, ढाबा, फूड प्रोसेसिंग, डेयरी – 3,375 सिलेंडर (75%)
- श्रेणी 4 (कैटरिंग): कैटरिंग और बैंक्वेट – 225 सिलेंडर (5%)
- श्रेणी 5 (छोटे उद्योग): ड्राई क्लीनिंग, पैकिंग, फार्मा – 45 सिलेंडर (1%)
- श्रेणी 6 (खेल): खेल सुविधा, स्टेडियम आदि – 225 सिलेंडर (5%)
- श्रेणी 7 (प्रवासी मजदूर): 5 किलो के सिलेंडर – 684 सिलेंडर (4%)
मंत्री ने आश्वासन दिया कि विभाग सप्लायर और आईजीएल के साथ लगातार संपर्क में है और पीएनजी की प्रगति रिपोर्ट हर हफ्ते ली जा रही है। सभी नियमों का पालन पूरी पारदर्शिता के साथ किया जा रहा है।


















