कॉकरोच जनता पार्टी चींटी जनता पार्टी
---Advertisement---

दिल्ली में रहस्यमयी मौतें, एक ही घर में मिलीं दो बुजुर्ग महिलाओं की लाश

Delhi News: मेड को जब बाहर से ही घर के अंदर से एक तेज और संदिग्ध बदबू आ रही थी, तो उसे अंदरूनी आशंका हुई। उसने तत्काल इसकी सूचना आसपास के पड़ोसियों और चौकीदार को दी। इसके बाद मौके पर काफी भीड़ इकट्ठा हो गई।

दिल्ली के पॉश इलाके में डबल डेथ केस से मची सनसनी

HIGHLIGHTS

  • मेड की सूझबूझ से खुला राज, घर में सड़ती हालत में मिले शव
  • न्यू राजेंद्र नगर हादसा: दो दिन तक बंद रहा घर, अंदर मिला खौफनाक मंजर
  • दरवाजा तोड़ते ही उड़ गए होश, घर के अलग-अलग कमरों में पड़े थे शव
  • आर ब्लॉक में दहशत, अकेले रह रही दो महिलाओं की संदिग्ध मौत
  • दिल्ली पुलिस जांच में जुटी, आखिर बंद घर में क्या हुआ था?

Delhi News: दिल्ली के न्यू राजेंद्र नगर इलाके में एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। आर ब्लॉक (R Block) स्थित एक आवासीय मकान में दो बुजुर्ग महिलाओं की शव मिलने से हड़कंप मच गया है। दोनों महिलाएं एक ही घर में रहती थीं और शव घर के अलग-अलग हिस्सों में सड़ती हुई स्थिति में बरामद हुए हैं। पुलिस के अनुसार दोनों की उम्र काफी वृद्ध है, जिनमें से एक करीब 80 वर्ष की बताई जा रही है। आसपास के लोगों में इस वारदात को लेकर डर और चर्चा का माहौल है।

मेड के संदेह ने खोला राज

यह पूरा मामला तब सामने आया जब गुरुवार सुबह घर पर काम करने वाली नौकरानी (मेड) काम पर पहुंची। बताया जा रहा है कि मेड पिछले दो दिनों से छुट्टी पर थी और बुधवार को भी वह घर नहीं आई थी। जब वह गुरुवार सुबह अपने नियमित समय पर घर पहुंची, तो उसने देखा कि मुख्य दरवाजा अंदर से बंद है। उसने काफी देर तक दरवाजे की घंटी बजाई और खूब आवाज भी लगाई, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं आया।

मेड को जब बाहर से ही घर के अंदर से एक तेज और संदिग्ध बदबू आ रही थी, तो उसे अंदरूनी आशंका हुई। उसने तत्काल इसकी सूचना आसपास के पड़ोसियों और चौकीदार को दी। इसके बाद मौके पर काफी भीड़ इकट्ठा हो गई। पड़ोसियों की मदद से दरवाजा तोड़कर अंदर जाने पर सबके होश उड़ गए। घर के अलग-अलग कमरों में दो बुजुर्ग महिलाओं के शव पड़े हुए थे।

शवों की हालत और पुलिस की प्रारंभिक जांच

घटना की सूचना मिलते ही मौके पर दिल्ली पुलिस की टीम और फोरेंसिक विशेषज्ञों का दल पहुंच गया। पुलिस ने घर को तत्काल सील कर दिया और जांच शुरू कर दी। प्रारंभिक जांच में यह खुलासा हुआ है कि दोनों शवों पर किसी भी प्रकार के बाहरी चोट के निशान नहीं हैं। न ही घर में किसी तरह की तोड़फोड़ के संकेत मिले हैं और न ही सामान बिखरा पड़ा था।

शवों की स्थिति और बदबू से पुलिस का अनुमान है कि मौतें कम से कम 48 घंटे पहले ही हुई होंगी। फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों की मौत एक साथ हुई या अलग-अलग समय पर। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ही मौत का असली कारण स्पष्ट कर पाएगी। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर दो दिनों तक घर में क्या हुआ था और दोनों महिलाओं की मौत कैसे हुई?

पुलिस की जांच में ये एंगल पर गौर

पुलिस अभी हर एंगल से मामले की जांच कर रही है। चूंकि शवों पर चोट के निशान नहीं हैं, इसलिए यह मामला साधारण हत्या या लूटपाट जैसा नहीं लग रहा है। जांच अधिकारियों का कहना है कि हो सकता है कि महिलाओं की मौत किसी बीमारी या गैस लीक जैसी किसी दुर्घटना के कारण हुई हो। हालांकि, घर में गैस लीक का कोई सबूत सामने नहीं आया है।

पुलिस आसपास के सीसीटीवी कैमरों को खंगाल रही है ताकि पिछले दो दिनों में कोई अनजान शख्स घर के आस-पास तो नहीं देखा गया था। साथ ही, पड़ोसियों से पूछताछ की जा रही है कि क्या कल या परसों घर से कोई आवाज आई थी या कुछ असामान्य देखा-सुना गया था। महिलाओं के परिवार के सदस्यों को भी सूचना दे दी गई है और उनसे भी पूछताछ की जाएगी।

शहरी अकेलेपन का एक और मामला

यह मामला दिल्ली जैसे महानगर में बुजुर्ग लोगों के अकेलेपन को भी दर्शाता है। कई बार ऐसा देखा गया है कि बच्चे विदेश या दूसरे शहरों में रहते हैं और बुजुर्ग माता-पिता अकेले घर में रह जाते हैं। इस मामले में भी दोनों महिलाएं साथ रहती थीं, लेकिन किसी को पता नहीं चला कि उनकी तबीयत बिगड़ रही है या उनके साथ कुछ हो चुका है। अगर मेड दो दिन बाद नहीं आती, तो शायद इस बात का पता भी नहीं चल पाता।

स्थानीय निवासियों में दहशत

घटना के बाद आर ब्लॉक के निवासियों में काफी दहशत है। पड़ोसियों का कहना है कि दोनों महिलाएं काफी शांत स्वभाव की थीं और लोगों से मिलती-जुलती थीं। उनके अचानक इस तरह चले जाने से हर कोई स्तब्ध है। एक पड़ोसी ने बताया, “हमें तो विश्वास नहीं हो रहा है। अक्सर वे बालकनी में दिख जाती थीं, लेकिन पिछले दो दिन से नहीं दिखीं। हमने सोचा शायद बीमार होंगी या किसी रिश्तेदार के यहां गई होंगी।”

फिलहाल, पुलिस मामले की तफ्तीश में जुटी हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी कि यह किसी अपराध का मामला है या प्राकृतिक मौत या किसी अन्य वजह से दोनों की जान चली गई। जब तक पुलिस अपनी रिपोर्ट देती है, तब तक यह रहस्य बना हुआ है कि आखिर उस बंद दरवाजे के पीछे क्या हुआ था।

Rishi Tiwari

ऋषि तिवारी (Rishi Tiwari) ने वर्ष 2011 में मुंबई से पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखा और मुंबई से प्रकाशित मुंबई मित्र जैसे समाचारपत्रों में सक्रिय भूमिका निभाई। इसके बाद दिल्ली और एनसीआर में एपीएनएस न्यूज एजेंसी में लंबे समय तक सेवाएं देने के बाद यहां से रुख कर लिया। वर्ष 2018 में इन्होंने संध्या समय न्यूज के साथ नई पारी की शुरुआत की। पिछले कई वर्षों से निष्पक्ष, प्रभावी और जनसरोकारों पर आधारित पत्रकारिता को मजबूती से आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now