Gorakhpur News: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले से एक हैवानियत का मामला सामने आया है, जहां चार महीने पहले लापता हुई 14 साल की एक नाबालिग छात्रा के साथ कई लोगों ने बार-बार दुष्कर्म किया। पीड़िता ने अपने बयान में 10 अलग-अलग लोगों पर गैंगरेप का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए तत्काल कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि छह अन्य संदिग्धों से पूछताछ जारी है।
यह है पूरा मामला
यह मामला चौरी-चौरा थाना क्षेत्र का है। पीड़िता कक्षा 9 की छात्रा है। बताया जा रहा है कि उसके पिता गुजरात में मजदूरी करते हैं और मां की तबीयत खराब रहने के कारण परिवार की जिम्मेदारी निभाने के लिए उसे उसकी मौसी चौरी-चौरा स्थित अपने घर ले आई थीं।
बीते 1 नवंबर को छात्रा सुबह 9 बजे स्कूल के लिए घर से निकली, लेकिन वह वापस नहीं लौटी। परिजनों और रिश्तेदारों ने काफी देर तक उसकी खोजबीन की, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद 7 नवंबर को परिवार ने थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
सीसीटीवी और सर्विलांस से पहुंची पुलिस
रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस टीम ने सक्रिय होकर सर्विलांस और आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। लगातार चार महीने के कठिन प्रयास के बाद पुलिस को सफलता मिली और 23 मार्च को छात्रा को बरामद कर लिया गया।
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पीड़िता का दर्दनाक बयान
पुलिस को दिए बयान में पीड़िता ने बताया कि स्कूल जाते समय रास्ते में उसे पहचानने वाला ऑटो चालक मनीष राजभर (उर्फ मोनू) मिला। मनीष ने उसे बहला-फुसलाकर ऑटो में बैठा लिया और एक निर्माणाधीन मकान में ले गया, जहां उसने उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद मनीष ने अपने दो दोस्तों को बुलाया, जिन्होंने भी उसके साथ जबरदस्ती की। इसके बाद आरोपी उसे सड़क किनारे छोड़कर फरार हो गए।
पीड़िता ने आगे बताया कि डर के मारे वह घर नहीं गई और रामगढ़ताल पहुंच गई। वहां कुछ देर बैठने के बाद उसकी मुलाकात एक अन्य युवक से हुई। उस युवक ने उसे बहकाया और अपने घर ले गया। उस युवक ने लगभग एक महीने तक उसे अपने घर में बंद रखकर लगातार उसके साथ दुष्कर्म किया। साथ ही, उसने अपने 2-3 अन्य दोस्तों को भी बुलाया, जिन्होंने भी उसके साथ रेप किया। पीड़िता ने कुल 10 लोगों का जिक्र किया है।
मेडिकल में हुई रेप की पुष्टि, 4 अभियुक्त जेल भेजे
छात्रा के बयान के आधार पर पुलिस ने गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने जब छात्रा की कॉल डिटेल्स (सीडीआर) खंगाली तो चौंकाने वाली बात सामने आई। पता चला कि इस दौरान उसे कई होटलों में भी ले जाया गया। इसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर 10 संदिग्धों को हिरासत में लिया। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसमें दुष्कर्म की पुष्टि हुई है।

एसपी नॉर्थ ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि ऑटो चालक मनीष राजभर, होटल संचालक धर्मराज, समीर और किशन को गिरफ्तार कर लिया गया है। इन्हें न्यायालय में पेश करके जेल भेज दिया गया है। वहीं, बाकी छह आरोपियों की पहचान कर उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस मामले में त्वरित और सख्त कार्रवाई का आश्वासन दे रही है।
























