ऋषि तिवारी
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली पुलिस ने लक्ष्मी नगर में एक इंश्योरेंस कंपनी के मालिक पर हमला करने, उसे धमकाने और उससे जबरन वसूली करने के आरोप में 8 लोगों को गिरफ्तार किया है। बता दे कि इनके प्रास से नकदी, लैपटॉप, मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल की गई दो गाड़ियां भी बरामद की गई हैं और इनकी पचान हनी कुमार (31), सनी शर्मा (28), अंकित जैन (32), विक्रम सिंह (35), राहुल गुप्ता (27), राहुल यादव (27), अनिल कांत (33) और जीतपाल (42) के तौर पर हुई है। बता दे कि पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने फर्जी पुलिस बनकर छापेमारी की और फर्जी बीमा धोखाधड़ी जांच के बहाने शिकायतकर्ता से रुपये और कीमती सामान हड़प लिए। इस लूटपाट का मास्टरमाइंड हनी कुमार पीड़ित का पूर्व कर्मचारी है।
26 जून 2025 को हुई थी यह घटना
डीसीपी अभिषेक धानिया ने बताया है कि यह घटना 26 जून को हुई थी और जब दिल्ली पुलिस के स्पेशल स्टाफ के कर्मचारी बनकर चार लोग लक्ष्मी नगर में इंश्योरेंस पॉलिसी का कारोबार करने वाले सलमान (31) के ऑफिस में घुसे और आरोपियों ने कथित तौर पर उसका मोबाइल फोन और लैपटॉप छीन लिया गया। कथित तौर पर सलमान के साथ मारपीट कर उसे झूठे मामले में फंसाने की धमकी देकर उससे 70,000 रुपये एक खाते में ट्रांसफर करने के लिए दबाव बनाया गया तथा 80,000 रुपये नकद भी लिए गए। इस घटना के संबंध में 28 जून को लक्ष्मी नगर थाने में बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। टीम ने पांच आरोपियों को उसी रात दबोच लिया, जब वे अपराध में इस्तेमाल हुई कार से नोएडा लिंक रोड पर जा रहे थे। इनके तीन और साथियों को दिल्ली में अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया गया। दो सप्ताह पहले छोड़ दिया गया था।
‘मन की बात’ में पीएम मोदी ने दिखाई भारत की बढ़ती ताकत
नौकरी छोड़ने से दो सप्ताह पहले ही सलमान के पूर्व कर्मचारी हनी कुमार ने रची
बता दे कि पूछताछ में पता चला कि लूट की यह साजिश घटना से दो सप्ताह पहले ही नौकरी छोड़ने वाले सलमान के पूर्व कर्मचारी हनी कुमार ने रची थी। उसने कथित तौर पर सनी शर्मा को अंदरूनी जानकारी दी, जिसने फर्जी छापेमारी की योजना बनाई।पुलिस ने बताया कि सनी शर्मा को गाजियाबाद में दर्ज साइबर फ्रॉड के एक मामले में पहले भी गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि एक अन्य आरोपी अंकित जैन पर भी पहले से दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि हनी कुमार, सलमान से पर्सनल रंजिश रखता था। उसने ही अपराध की योजना बनाने के लिए अहम जानकारी दी थी।क्या-क्या करते हैं आरोपी टेलिकॉम सेक्टर में काम करने वाला हनी कुमार पीड़ित का पूर्व कर्मचारी है। वहीं सनी शर्मा कैब चलता है। अंकित जैन पहले दो अन्य मामलों में भी शामिल रह चुका है। विक्रम सिंह एक बेकरी में सुपरवाइजर है, जबकि राहुल गुप्ता डेटा एनालिस्ट, राहुल यादव जिम ट्रेनर, अनिल कांत और जीतपाल प्रॉपर्टी डीलर हैं।
























