पूर्वी दिल्ली के गांधी नगर इलाके में रविवार तड़के एक ऐसी घटना ने पूरे इलाके को सन्न कर दिया, जब एक 30 वर्षीय युवक का शव सड़क पर निर्वस्त्र हालत में पड़ा मिला। पुलिस के अनुसार मृतक बिहार के किशनगंज जिले का रहने वाला था और वह किसी इमारत की छत से गिरने के बाद अपनी जान गंवा बैठा। घटना की सनसनीखेज प्रकृति को देखते हुए पुलिस अभी यह स्पष्ट नहीं कर पाई है कि युवक की मौत हादसा थी, आत्महत्या थी या फिर इसके पीछे कोई षड्यंत्र छिपा है।
तड़के सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि रविवार सुबह करीब 5:20 बजे गांधी नगर थाने में सूचना मिली कि थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली नामदेव गली में एक व्यक्ति बिना कपड़ों के सड़क पर पड़ा है और उसके सिर से खून बह रहा है। सूचना मिलते ही थाने से पुलिस की एक टीम मौके पर दौड़ी। साथ ही क्राइम टीम और फोरेंसिक विज्ञान विशेषज्ञों की टीम को भी घटनास्थल बुलाया गया।
मौके पर पहुंचकर पुलिस ने देखा कि युवक की हालत गंभीर थी। उसे तत्काल नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक के सिर पर गहरी चोट के निशान थे, जिससे अनुमान लगाया जा रहा है कि ऊंचाई से गिरने के कारण ही उसकी मौत हुई है।
मृतक की पहचान, बिहार के किशनगंज का रहने वाला
जांच के दौरान मृतक व्यक्ति की पहचान हो गई है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि युवक का नाम दीपक है और वह बिहार के किशनगंज जिले के पिपला इलाके का रहने वाला है। उम्र करीब 30 वर्ष बताई जा रही है। दिल्ली में वह किसी काम के सिलसिले में रहता था। पुलिस ने परिजनों को घटना की जानकारी दे दी है। परिजनों की पूछताछ कर यह जानने की कोशिश की जा रही है कि मृतक आखिरी बार किससे मिला था, कहां गया था और उसका उस वक्त क्या मूड था।
हत्या या आत्महत्या? जांच का दायरा बढ़ाया पुलिस ने
सबसे बड़ी उलझन अभी यही है कि दीपक छत से खुद गिरा था या उसे किसी ने धक्का देकर नीचे गिराया। शव का निर्वस्त्र मिलना पुलिस के लिए एक ऐसा पहलू है, जिसकी वजह अभी स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस इस बात की गहराई से जांच कर रही है कि आखिर छत पर दीपक के कपड़े क्यों नहीं थे और उस वक्त वह वहां क्या कर रहा था।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक जांच के तहत घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज निकाले जा रहे हैं, ताकि यह पता चल सके कि तड़के दीपक के साथ कौन था और वह किस इमारत से गिरा। इसके अलावा आसपास रहने वाले लोगों और संभावित चश्मदीदों से भी पूछताछ जारी है। पुलिस अभी किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से इनकार कर रही है और साफ कहा है कि जब तक पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक रिपोर्ट हाथ में नहीं आती, कोई भी संभावना खारिज नहीं की जा सकती।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से ही खुलेगा राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। डॉक्टरों की रिपोर्ट से यह स्पष्ट होगा कि मृतक को गिरने से पहले किसी तरह की कोई अन्य चोट तो नहीं आई थी यानी उसके साथ विवाद या हिंसा तो नहीं हुई। साथ ही शराब या किसी नशे के सेक्सन की रिपोर्ट से भी घटना की वजह उजागर होने में मदद मिल सकती है। पुलिस अधिकारी ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ ठोस बताया जा सकेगा।
पुलिस ने मृतक की मौत के खिलाफ नैसर्गिक मृत्यु की कार्यवाही के तहत दस्तावेजी कार्रवाई शुरू कर दी है। यदि जांच में किसी तरह की हत्या के सबूत मिलते हैं, तो मामला हत्या के गंभीर धाराओं में दर्ज किया जा सकता है।
इलाके में फैली सन्नी, लोगों में चर्चा का विषय बनी घटना
घटना की खबर फैलते ही नामदेव गली और आसपास के इलाकों में हलचल मच गई। लोग घटनास्थल पर एकत्रित हो गए और यहीं से किसी ने पुलिस को सूचना दी। इलाके के रहवासियों का कहना है कि गांधी नगर का यह इलाका काफी घनी आबादी वाला है और यहां संदिग्ध परिस्थितियों में ऐसी घटना होना चौंकाने वाला है। लोगों ने मांग की है कि पुलिस इस मामले की निष्पक्ष और गहन जांच करे और जिम्मेदार व्यक्ति जिम्मेदार पाया जाए, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
























