Bihar News: बिहार में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने दस्तक देने के बाद तेज रफ्तार पकड़ ली है। मात्र 24 घंटे के भीतर यह राज्य के लगभग आधे हिस्से को कवर कर चुका है। मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार दोपहर तक मॉनसून की उत्तरी सीमा मुजफ्फरपुर तक पहुंच गई थी। इसके साथ ही कोसी, सीमांचल, मिथिला और पूर्वी बिहार के कई जिलों में इसका प्रभाव साफ तौर पर देखा जा रहा है। लगातार हो रही बारिश के कारण मौसम सुहावना हो गया है और तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है।
मॉनसून का तेजी से विस्तार
गुरुवार की सुबह मॉनसून ने पूर्णिया के रास्ते बिहार में प्रवेश किया था। पहले ही दिन इसने राज्य के लगभग 7 जिलों को अपनी चपेट में ले लिया था। इसके बाद मात्र एक दिन के भीतर इसका विस्तार तेजी से बढ़ते हुए आधे बिहार तक पहुंच गया। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि वर्तमान में वातावरण मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह अनुकूल है, इसलिए आने वाले दिनों में इसके और तेजी से फैलने की संभावना है।
मौसम विभाग के ताजा अपडेट के अनुसार 12 जून तक मॉनसून पश्चिम बंगाल, बिहार, ओडिशा और झारखंड के कुछ हिस्सों में आगे बढ़ चुका है। अगले 48 से 72 घंटों में इसके बिहार के शेष जिलों में भी पहुंचने के आसार हैं। हालांकि, इसके बाद कुछ स्थानों पर इसकी गति थोड़ी धीमी भी हो सकती है।
पटना में अभी इंतजार
पटना के लोगों को अभी भी मॉनसून की पहली अच्छी बारिश का इंतजार है। हालांकि मौसम में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं और आसमान में बादलों की आवाजाही भी बढ़ी है। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि यदि परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो अगले 24 घंटे के भीतर पटना में भी मॉनसून दस्तक दे सकता है।
इसके बाद 48 से 72 घंटे के भीतर राज्य के बाकी बचे जिलों में भी मॉनसून के पूरी तरह सक्रिय होने की संभावना जताई जा रही है। इससे पूरे बिहार में बारिश का दायरा और बढ़ सकता है।

5 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने शनिवार यानी 13 जून के लिए बिहार के पांच जिलों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इनमें भागलपुर, बांका, कटिहार, पूर्णिया और किशनगंज शामिल हैं। इन इलाकों में तेज बारिश के साथ बिजली गिरने और आंधी-तूफान की भी संभावना जताई गई है।
इसके अलावा राज्य के अन्य हिस्सों में भी हल्की से मध्यम बारिश के साथ वज्रपात की आशंका बनी हुई है। दक्षिण बिहार, चंपारण क्षेत्र, पटना और पूर्वी बिहार के जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जिसका अर्थ है कि यहां मौसम काफी खराब हो सकता है और लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
कटिहार और सीमांचल में भारी बारिश
मॉनसून के प्रभाव से सबसे ज्यादा असर सीमांचल क्षेत्र में देखने को मिला है। कटिहार जिले में पिछले 24 घंटों के दौरान कई स्थानों पर भारी बारिश दर्ज की गई है। वहीं पूर्णिया और किशनगंज में भी अच्छी बारिश हुई है। इन इलाकों में लगातार हो रही वर्षा से खेतों और जल स्रोतों में पानी की उपलब्धता बढ़ी है, जिससे किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।
अन्य जिलों में भी कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। लगातार बादल छाए रहने और बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई है और लोगों को गर्मी से बड़ी राहत मिली है।
गुरुवार को राज्य का अधिकतम तापमान सारण जिले में 36.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम में अपेक्षाकृत कम माना जा रहा है। बाकी जिलों में भी दिन का तापमान इससे कम ही रहा, जिससे पूरे राज्य में मौसम खुशनुमा बना हुआ है।
मौसम विभाग की चेतावनी और सावधानियां
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में आंधी, बारिश और वज्रपात की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग ने कहा है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें।
लोगों को सलाह दी गई है कि बिजली के उपकरणों से दूरी बनाए रखें, खुले स्थानों में पेड़ों के नीचे शरण न लें और बिजली के खंभों से भी दूर रहें। इसके अलावा जिन क्षेत्रों में भारी बारिश हो रही है, वहां जलभराव से बचने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की हिदायत दी गई है।
आगे का मौसम पूर्वानुमान
मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि अगले कुछ दिनों तक बिहार में मॉनसून सक्रिय रहेगा। हालांकि रविवार के बाद कुछ स्थानों पर बारिश की तीव्रता में हल्की कमी आ सकती है, लेकिन पूरी तरह से बारिश का सिलसिला थमने की संभावना कम है।
इस तरह आने वाले सप्ताह में बिहार के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होने की उम्मीद है, जिससे न केवल तापमान में गिरावट आएगी बल्कि खेती-बाड़ी के लिए भी यह मौसम काफी लाभकारी साबित हो सकता है।






















