Learn to make roti with water: भारतीय खाने में रोटी की अपनी एक खास जगह है। दाल हो, सब्जी हो या फिर कोई चटपटी चटनी, गर्मागर्म रोटी के बिना भोजन अधूरा सा लगता है। आमतौर पर घरों में रोटी बनाने के लिए बेलन और चकले का इस्तेमाल किया जाता है, लेकिन क्या आपने कभी पानी के हाथ की रोटी खाई है? यह रोटी बनाने का एक पारंपरिक देसी तरीका है, जिसमें बेलन की जरूरत नहीं पड़ती। सिर्फ आटे और पानी की मदद से हाथों से ही रोटी तैयार की जाती है।
गांवों और पारंपरिक भारतीय रसोई में बनने वाली यह रोटी अपने अलग स्वाद और नरम बनावट के लिए जानी जाती है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि सही तरीके से आटा तैयार किया जाए तो रोटी काफी मुलायम और स्वादिष्ट बनती है। खासतौर पर सर्दियों में गर्मागर्म पानी के हाथ की रोटी को घी, हरी मिर्च की चटनी और छाछ के साथ खाने का मजा ही अलग होता है। अगर आप भी घर पर इस देसी स्वाद का आनंद लेना चाहते हैं, तो आइए जानते हैं पानी के हाथ की रोटी बनाने की आसान विधि।
पानी के हाथ की रोटी बनाने के लिए जरूरी सामग्री
इस पारंपरिक रेसिपी को तैयार करने के लिए आपको बहुत ज्यादा चीजों की जरूरत नहीं है। घर में मौजूद सामान्य सामग्री से ही स्वादिष्ट रोटी बनाई जा सकती है।
- 2 कप गेहूं का आटा
- स्वादानुसार नमक
- जरूरत के अनुसार पानी
- रोटी पर लगाने के लिए देसी घी या बटर
- पानी के हाथ की रोटी बनाने का सही तरीका
1. सबसे पहले तैयार करें नरम आटा
पानी के हाथ की रोटी बनाने में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका आटे की होती है। अगर आटा सही तरीके से तैयार नहीं किया गया, तो हाथों से रोटी फैलाने में परेशानी हो सकती है। इसके लिए सबसे पहले एक बड़ी परात या बर्तन में गेहूं का आटा निकाल लें। अब इसमें स्वादानुसार नमक डालकर अच्छी तरह मिला लें।
इसके बाद थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए आटे को गूंथना शुरू करें। ध्यान रखें कि इस रोटी के लिए सामान्य फुल्के की तुलना में आटा थोड़ा ज्यादा नरम और लचीला होना चाहिए। हालांकि, आटा इतना ढीला भी न करें कि उसे हाथों से संभालना मुश्किल हो जाए।
2. आटे को अच्छी तरह मथना न भूलें
आटा गूंथने के बाद उसे हथेलियों की मदद से दबाते और मथते रहें। इस प्रक्रिया से आटा अधिक लचीला और एकसार हो जाता है, जिससे रोटी को हाथों से फैलाना आसान होता है।
आटे को तब तक मथें, जब तक उसकी बनावट चिकनी और मुलायम न हो जाए। इसके बाद बर्तन में चिपका हुआ अतिरिक्त आटा भी समेट लें। अब तैयार आटे को ढककर लगभग 10 से 15 मिनट के लिए रख दें। इससे आटे को आराम मिलेगा और रोटी बनाना आसान हो जाएगा।
3. बिना बेलन के हाथों से फैलाएं रोटी
जब आटा अच्छी तरह तैयार हो जाए, तो उसमें से अपनी जरूरत के अनुसार एक लोई निकाल लें। अब दोनों हाथों को साफ पानी से हल्का गीला करें। इसके बाद लोई को हथेलियों के बीच रखकर धीरे-धीरे दबाते हुए फैलाना शुरू करें।
ध्यान रखें कि रोटी को एक ही जगह से ज्यादा दबाने के बजाय चारों तरफ से हल्के हाथों से फैलाएं। ऐसा करने से रोटी का आकार बेहतर बनेगा और वह आसानी से फटेगी नहीं। हाथों को जरूरत के अनुसार गीला करते रहें, ताकि आटा हथेलियों से चिपके नहीं।
4. गर्म तवे पर अच्छी तरह सेंकें
जब रोटी तैयार हो जाए, तो उसे पहले से गर्म किए हुए तवे पर सावधानी से डाल दें। मध्यम आंच पर रोटी को एक तरफ से हल्का पकने दें। इसके बाद पलटकर दूसरी तरफ भी सेंक लें।
जब रोटी दोनों तरफ से पक जाए, तो उसे सीधे गैस की आंच पर फुला सकते हैं। अगर आप सीधे आंच पर रोटी नहीं पकाना चाहते, तो तवे पर ही दोनों तरफ अच्छी तरह सेंक लें। तैयार रोटी पर थोड़ा देसी घी या बटर लगाएं। इस तरह आपकी गर्मागर्म और मुलायम पानी के हाथ की रोटी बनकर तैयार हो जाएगी।
पानी के हाथ की रोटी बनाते समय इन बातों का रखें ध्यान
अगर आप पहली बार बिना बेलन के रोटी बनाने जा रहे हैं, तो कुछ छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखना जरूरी है।
- आटा बहुत सख्त न गूंथें, वरना हाथों से रोटी फैलाने में दिक्कत होगी।
- आटा गूंथने के बाद उसे पर्याप्त समय तक आराम जरूर दें।
- लोई बनाते समय हाथों को हल्का गीला रखें।
- रोटी को फैलाते समय बहुत ज्यादा दबाव न डालें।
- तवा अच्छी तरह गर्म होना चाहिए, लेकिन आंच बहुत तेज न रखें।
- रोटी को बार-बार पलटने से बचें, ताकि वह अच्छी तरह पक सके।
रोटी बनाते समय फट जाए तो क्या करें?
कई बार पानी के हाथ की रोटी बनाते समय आटा हाथों में चिपकने लगता है या रोटी फैलाते समय उसमें दरारें आने लगती हैं। इसकी एक वजह आटे का सही तरीके से न गूंथा जाना हो सकती है। इसके अलावा आटा जरूरत से ज्यादा सख्त होने या उसे पर्याप्त आराम न मिलने से भी रोटी फट सकती है।
ऐसी स्थिति में आटे को दोबारा अच्छी तरह मथें और जरूरत पड़ने पर थोड़ा पानी मिलाकर उसकी नरमी ठीक करें। इसके बाद कुछ मिनट के लिए ढककर रख दें। रोटी फैलाते समय हथेलियों को हल्का गीला रखें और धीरे-धीरे उसका आकार तैयार करें।


























