Noida News: एक्टिव एनजीओ ग्रुप एवं वाईएसएस फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में कारगिल युद्ध के अमर वीर शहीद कैप्टन विजयंत थापर की स्मृति में बॉटनिकल गार्डन मेट्रो स्टेशन, नोएडा पर मेगा शरबत वितरण एवं ज़ीरो वेस्ट अभियान का आयोजन किया गया। सुबह 9:00 बजे से शाम 7:00 बजे तक लगातार 10 घंटे से अधिक चले इस सेवा महाअभियान में 100 से अधिक युवा स्वयंसेवकों ने 50,000 से अधिक नागरिकों को निःशुल्क शरबत वितरित कर सेवा, राष्ट्रभक्ति और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।
कार्यक्रम में डिस्पोज़ेबल कपों का उपयोग
अभियान की सबसे बड़ी विशेषता रही कि पूरे कार्यक्रम में डिस्पोज़ेबल कपों का उपयोग नहीं किया गया। उनकी जगह स्टील के गिलासों का उपयोग कर ज़ीरो वेस्ट मॉडल प्रस्तुत किया गया। इस पहल ने हजारों नागरिकों को एकल-उपयोग प्लास्टिक छोड़ने, पुनः उपयोग योग्य बर्तनों को अपनाने, जल संरक्षण तथा स्वच्छ पर्यावरण के प्रति जागरूक किया।
कार्यक्रम की सबसे भावुक एवं प्रेरणादायी उपस्थिति कारगिल युद्ध के वीर शहीद कैप्टन विजयंत थापर के पिता कर्नल वी.एन. थापर, माता तृप्ता थापर एवं उनके परिवार की रही। उनके स्वागत में पूरा परिसर “भारत माता की जय”, “वंदे मातरम्” और “कैप्टन विजयंत थापर अमर रहें” के नारों से गूंज उठा। कर्नल वी.एन. थापर ने युवाओं को राष्ट्रसेवा, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश दिया, जबकि तृप्ता थापर ने सेवा और मानवीय मूल्यों को जीवन का आधार बनाने का आह्वान किया।
संबोधन में डॉ. अशोक श्रीवास्तव ने कहा
कार्यक्रम में एडीसीपी गौतम बुद्ध नगर मनीषा सिंह, चौकी प्रभारी सतनाम सिंह, डॉ. अशोक श्रीवास्तव, डॉ. रंजन तोमर, कर्नल अमिताभ अमित, अनुज अग्रवाल, मनीष गुप्ता, प्रो. राजेश सहाय, श्री विशाल शर्मा, श्री एन.के. अग्रवाल, सत्य नारायण गोयल सहित अनेक गणमान्य अतिथियों एवं वरिष्ठ समाजसेवियों ने सहभागिता की। अभियान का नेतृत्व वाईएसएस फाउंडेशन के निदेशक श्री सचिन गुप्ता ने किया। कार्यक्रम को दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (डीएमआरसी) एवं नोएडा प्राधिकरण का महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हुआ। अपने संबोधन में डॉ. अशोक श्रीवास्तव ने कहा, “शहीदों का सम्मान केवल शब्दों से नहीं, बल्कि सेवा, पर्यावरण संरक्षण और राष्ट्र निर्माण के कार्यों से किया जाना चाहिए।”
यह अभियान केवल शरबत वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, सामाजिक उत्तरदायित्व और जनभागीदारी का एक प्रभावशाली जनआंदोलन बनकर उभरा। वाईएसएस फाउंडेशन ने एक बार फिर यह सिद्ध किया कि संगठित युवा शक्ति सेवा के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण में भी देश के लिए नई मिसाल कायम कर सकती है।






















