Maharashtra News: महाराष्ट्र में ढोंगी बाबाओं पर पुलिस की कार्रवाई का दौर जारी है। बाबा अशोक खरात का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि सोलापुर पुलिस ने एक और कथित बाबा को गिरफ्तार किया है। उंदरगांव निवासी मनोहर भोसले (उर्फ मनोहर बाबा) खुद को ‘अवतारी पुरुष’ और महान संत बालूमामा का अवतार बताकर लोगों को ठग रहा था। पुलिस ने उसे पुणे के मांजरी थाना क्षेत्र से दबोचा है।
रियल एस्टेट में तरक्की का झांसा
पुलिस सूत्रों के अनुसार, मनोहर भोसले लोगों को रियल एस्टेट कारोबार में तरक्की दिलाने और किस्मत बदलने के नाम पर पूजा-पाठ कराने का झांसा देता था। हाल ही में उसने एक व्यक्ति (कसबे) से इलाज और पूजा के नाम पर 2 लाख रुपये की मांग की। पीड़ित ने भरोसा करते हुए उसे और उसके साथी विशाल वाघमारे को 50 हजार रुपये दे दिए। बाद में जब ठगी का एहसास हुआ तो पीड़ित ने कुर्डूवाड़ी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने मनोहर भोसले और विशाल वाघमारे के खिलाफ आर्थिक धोखाधड़ी और महाराष्ट्र जादू-टोना एवं अंधविश्वास विरोधी कानून के तहत मामला दर्ज करके गिरफ्तारी की कार्रवाई को अंजाम दिया।
बालूमामा के नाम पर बनाई थी आस्था की दुकान
पिछले कुछ वर्षों में मनोहर भोसले ने खुद को संत बालूमामा का अवतार बताकर एक विशाल आध्यात्मिक नेटवर्क खड़ा कर लिया था। उसने उंदरगांव में संत के नाम पर मठ और मंदिर बना लिया। अमावस्या और पूर्णिमा पर उसके आश्रम में हजारों की भीड़ जुटती थी।
हालांकि, समय के साथ उसकी काली करतूतों का पर्दाफाश होने लगा। कोल्हापुर जिले के आदमापुर के ग्रामीणों और देवस्थान से जुड़े लोगों ने उस पर संत बालूमामा के नाम का दुरुपयोग करने और श्रद्धालुओं से मोटी रकम वसूलने का आरोप लगाया। नाराजगी इतनी बढ़ी कि ग्राम पंचायत ने उसके खिलाफ विरोध प्रस्ताव भी पारित किया था।
बाबूल के पत्ते से कैंसर का इलाज!
मनोहर बाबा पर सबसे गंभीर आरोप चिकित्सा क्षेत्र में ठगी का है। वह लोगों को बाबूल के पत्ते और चीनी देकर कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी ठीक करने का झूठा दावा करता था। इस तरह उसने बारामती के एक व्यक्ति से 2 लाख 51 हजार रुपये की ठगी की थी, जिसमें उसे पहले भी गिरफ्तार किया जा चुका था।
मठ में महिला से दुष्कर्म का आरोप
इसी दौरान उंदरगांव स्थित उसके मठ में एक महिला ने उस पर दुष्कर्म का गंभीर आरोप लगाया। शिकायत में बताया गया कि आश्रम में उसके साथ शोषण किया गया। इस मामले में आईपीसी की गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज करके उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया था।
एक मठ बंद, दूसरे जगह नया अड्डा, फिर फरार
लगातार मामले सामने आने और पुलिस की कार्रवाई के बाद मनोहर बाबा ने उंदरगांव का मठ बंद कर दिया और नासिक के घोटी क्षेत्र में नया आश्रम खोल लिया। लेकिन वहां से भी ठगी के नए मामले सामने आने पर वह फरार हो गया था, जिसे पुणे पुलिस ने खदेड़कर पकड़ा है। फिलहाल, पुलिस उसकी पूरी गतिविधियों और आर्थिक लेन-देन की जांच में जुटी हुई है और उसके इस ठगी के नेटवर्क से जुड़े अन्य साथियों की तलाश की जा रही है।

























