Noida News: गौतमबुद्ध नगर पुलिस ने साइबर अपराध के खिलाफ अपनी सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए ऑपरेशन ‘Cy-Vajra’ के तहत एक बड़े साइबर नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। इस अभियान के दौरान पुलिस ने कुल 49 अपराधियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक नाइजीरियन नागरिक शामिल है। आइए, इस खबर को विस्तार से समझते हैं और जानिए इस मुद्दे के विभिन्न पहलुओं को।
60 करोड़ से अधिक की साइबर ठगी
पुलिस जानकारी के अनुसार उन्हें नोएडा में चल रहे कई अवैध कॉल सेंटर्स के माध्यम से साइबर अपराधियों का एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय है, जो लोगों को फर्जीवाड़े का शिकार बना रहा है। इस नेटवर्क के जरिए लाखों लोगों को फर्जी कॉल और मैसेज के जरिये ठगा जा रहा था। ऑपरेशन ‘Cy-Vajra’ के तहत, पुलिस ने इस गिरोह का भंडाफोड़ किया और इसके माध्यम से 60 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का खुलासा किया गया।
पुलिस ने इस अभियान के तहत नोएडा के 8 अवैध कॉल सेंटर्स का भी पर्दाफाश किया। इन कॉल सेंटर्स से जुड़े 700 से अधिक संदिग्धों से पूछताछ की गई, जिनमें से कई संदिग्ध अभी भी जांच के घेरे में हैं। इस दौरान, पुलिस ने बड़ी संख्या में डिजिटल उपकरण भी जब्त किए हैं, जिनमें 67 मोबाइल फोन, 19 लैपटॉप, 76 सिम कार्ड, 81 डेबिट और क्रेडिट कार्ड, साथ ही 5 लाख रुपये से अधिक नकद भी बरामद किया गया है।
डिजिटल साक्ष्यों का मिलान
पुलिस ने इन संदिग्धों से प्राप्त डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया, जिसमें पता चला कि अधिकांश साक्ष्य राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) की शिकायतों से मेल खाते हैं। विशेष रूप से, एक नाइजीरियन नागरिक को भी गिरफ्तार किया गया है, जिसके पास से मिले डिजिटल साक्ष्यों का संबंध विभिन्न साइबर धोखाधड़ी की शिकायतों से पाया गया है। इस संदिग्ध के पास से मिली जानकारी से पता चला है कि वह देश-विदेश में साइबर नेटवर्क का संचालन कर रहा था।
डीसीपी साइबर शैव्या गोयल ने स्पष्ट किया है कि पुलिस साइबर अपराध के खिलाफ जीरो टोलरेन्स की नीति अपनाए हुए है। उनका कहना है कि साइबर अपराधियों को उनके अपराधों के लिए कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी। उन्होंने जनता से भी अपील की है कि यदि किसी को साइबर धोखाधड़ी का शिकार होना पड़े, तो तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 या NCRP पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई जाए। इससे जालसाजों की गतिविधियों पर नियंत्रण रखा जा सकता है और पीड़ितों को तुरंत सहायता मिल सकती है।
साइबर अपराधों का बढ़ता हुआ ग्राफ दर्शाता है कि डिजिटल दुनिया में जागरूकता और सतर्कता अत्यंत आवश्यक है। पुलिस प्रशासन लगातार साइबर सुरक्षा को लेकर जनता में जागरूकता फैलाने का प्रयास कर रहा है। साथ ही, साइबर अपराध से बचाव के लिए तकनीकी उपायों का उपयोग करने और व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा का ध्यान रखने की सलाह भी दी जा रही है।
अगली कार्रवाई और चेतावनी
पुलिस का मानना है कि ऑपरेशन ‘Cy-Vajra’ जैसी कार्रवाइयां साइबर अपराधियों को उनके अपराधों से दूर रखने में मददगार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि साइबर अपराध के खिलाफ जारी इस अभियान में कोई भी कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस टीम लगातार नई शिकायतों पर नजर रख रही है और अपराधियों को पकड़ने के लिए निरंतर कार्रवाई कर रही है।
नोएडा पुलिस का यह बड़ा साइबर ऑपरेशन ‘Cy-Vajra’ साइबर अपराध के खिलाफ कठोर कदम है। इस अभियान ने न केवल करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी का पर्दाफाश किया है, बल्कि अपराधियों के नेटवर्क को भी तोड़ा है। जनता से अपील है कि साइबर धोखाधड़ी से बचाव के लिए सतर्क रहें, अपने व्यक्तिगत जानकारी का ध्यान रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 या NCRP पोर्टल पर दें। इस तरह की कार्रवाईयों से ही हम एक सुरक्षित और जागरूक डिजिटल भारत का निर्माण कर सकते हैं।

























