दिल्ली में आज मंगलवार (15 सितंबर) की सुबह एक साथ कई प्रमुख स्कूलों को बम की धमकी मिलने से पूरे इलाकों में अफरा-तफर का माहौल बन गया। धमकी की खबर पाते ही स्कूल प्रशासनों ने कोई समय गंवाए बिना एहतियातन कदम उठाते हुए पूरे परिसर खाली करा दिए।
बच्चों और स्टाफ को सुरक्षित स्थानों पर निकाला गया, वहीं मौके पर दिल्ली पुलिस की टीमों के साथ बम निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वॉड और दमकल विभाग की गाड़ियां पहुंच गईं। अब तक चलाए जा रहे तलाशी अभियान में किसी भी स्कूल से कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं होने की बात सामने आई है।
एक ही समय पर कई स्कूलों को आई धमकी
पुलिस को मिली प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, ब्रिटिश स्कूल, संस्कृति स्कूल और सरदार पटेल विद्यालय को मंगलवार की सुबह बम की धमकी मिली। इनके अलावा स्प्रिंगडेल्स स्कूल और एयर फोर्स बाल भारती स्कूल समेत कुछ अन्य शिक्षण संस्थानों को भी इस तरह की धमकी मिलने की जानकारी सामने आई है।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि धमकियां लगभग एक ही समय पर भेजी गईं, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि यह किसी एक ही व्यक्ति या समूह की तैयारी के तहत की गई कार्रवाई हो सकती है।
ईमेल के जरिए भेजी गई थी धमकी
जांच में सामने आया है कि सभी स्कूलों को यह धमकी ईमेल के जरिए भेजी गई थी। पुलिस के अनुसार, सुबह करीब 10:30 से 10:45 बजे के बीच स्कूल प्रशासनों को ये ईमेल मिले, जिनकी सूचना तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को दी गई। सूचना मिलते ही मिनटों के भीतर सुरक्षाबल अलग-अलग स्कूलों पर तैनात कर दिए गए और हर परिसर में जांच का काम शुरू कर दिया गया।
मौके पर उतरी सुरक्षा की बड़ी टीमें
धमकी की गंभीरता को देखते हुए मौके पर सुरक्षा का बड़ा कवच तैनात किया गया। दिल्ली पुलिस की टीमों के अलावा बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड, डॉग स्क्वॉड और दिल्ली फायर सर्विस की गाड़ियां भी पहुंचीं। स्कूलों के क्लासरूम, कॉरिडोर, प्लेग्राउंड, बस पार्किंग से लेकर आसपास के इलाकों तक एंटी-सैबोटाज चेकिंग की जा रही है। डॉग स्क्वॉड को हर उस कोने में उतारा गया, जहां से किसी खतरे की आशंका जताई जा सकती थी। स्कूलों के आसपास आने-जाने वाले वाहनों की भी चेकिंग की जा रही है।
तलाशी में अब तक नहीं मिला कोई संदिग्ध चीज़
पुलिस का कहना है कि अब तक की गई तलाशी में किसी भी स्कूल से कोई संदिग्ध वस्तु नहीं बरामद हुई है। फिर भी अधिकारी किसी लापरवाही से बचने के लिए हर कमरे और हर कोने की बारीकी से जांच कर रहे हैं, ताकि पूरी तरह तसल्ली हो जाए कि किसी को खतरा नहीं है।
ईमेल भेजने वाले की तलाश जारी
पुलिस अब उस व्यक्ति या समूह की पहचान करने में जुटी है, जिसने ये ईमेल भेजे। तकनीकी जांच के जरिए ईमेल के आईपी एड्रेस और भेजने के साधन का पता लगाया जा रहा है। यह भी जांचा जा रहा है कि धमकी किसी असली साजिश का हिस्सा है या महज हंगामा करने के लिए भेजी गई है। अधिकारियों का कहना है कि झूठी धमकी देना भी गंभीर अपराध है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पिछले साल भी हुई थीं ऐसी घटनाएं
यह पहला मौका नहीं है, जब दिल्ली के स्कूलों को बम की धमकी मिली हो। पिछले साल मई 2024 में भी राजधानी के दर्जनों स्कूलों को बम की धमकी भरे ईमेल एक साथ मिले थे, जो लंबी जांच के बाद फर्जी साबित हुए थे। हालांकि, हर मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क रहती हैं, क्योंकि किसी भी धमकी को छोटा आंकना जोखिम भरा हो सकता है।


























