Monsoon Health Tips Stay Healthy: बारिश के मौसम का इंतजार हर कोई बेसब्री से करता है। धरती पर गिरती बूंदें पहली गर्मी से तो राहत दिलाती ही हैं, साथ ही चारों तरफ एक अलग ही हरियाली और सुकून छा जाता है। लेकिन, इस खूबसूरत मौसम के साथ कुछ चुनौतियां भी आती हैं। नमी, बदलते तापमान और आसपास का गंदा पानी कई तरह के बैक्टीरिया और वायरस को बढ़ावा देता है। यही कारण है कि मॉनसून के दौरान डॉक्टरों के पास सर्दी, जुकाम, बुखार, पेट खराब होने और वायरल इंफेक्शन के मरीजों की भीड़ देखने को मिलती है।
ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर खुद को कैसे सुरक्षित रखें? जब तक बीमारी घर में दस्तक न दे दे, हमें अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाना चाहिए। दवाइयों पर निर्भर रहने के बजाय आपको अपनी रसोई का रुख करना होगा। आइए जानते हैं उन 5 चीजों के बारे में, जिनकी कमी शायद आपकी थाली में हो और जिन्हें शामिल करके आप इस बारिश का मजा बिना बीमार पड़े ले सकते हैं।

1. तुलसी: किचन गार्डन का सबसे बढ़कर हथियार
आयुर्वेद में तुलसी को ‘अमृत’ का दर्जा दिया गया है। यह सिर्फ एक पूजनीय पौधा नहीं, बल्कि एक शक्तिशाली औषधि है। तुलसी में भरपूर मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट, एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-वायरल गुण मौजूद होते हैं। यह शरीर में मौजूद विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करती है।
कैसे करें इस्तेमाल?
सुबह खाली पेट तुलसी के 3-4 ताजे पत्ते चबाना सबसे अच्छा माना जाता है। इसके अलावा, उबलते पानी में तुलसी, काली मिर्च और अदरक डालकर बनाया गया काढ़ा आपके शरीर की इंटरनल हीटिंग करता है और संक्रमण से बचाता है।
2. अदरक: ब्लड सर्कुलेशन और इम्यूनिटी को बूस्ट करने वाला जड़ी-बूटी
अक्सर लोग इसे सिर्फ एक साधारण खुशबूदार मसाला समझकर अनदेखा कर देते हैं। लेकिन सच्चाई यह है कि अदरक में ‘जिंजरोल’ नाम का एक बहुत ही शक्तिशाली यौगिक होता है, जो शरीर में होने वाली सूजन को कम करता है। मॉनसून में हमारा पाचन तंत्र कमजोर हो जाता है, अदरक इसे दुरुस्त रखने का काम करता है। जब पाचन तंत्र मजबूत होगा, तो आपकी इम्यूनिटी अपने आप ही बेहतर हो जाएगी।
कैसे करें इस्तेमाल?
चाय बनाते समय तुलसी के साथ अदरक का टुकड़ा जरूर डालें। इसके अलावा, सब्जियों और दाल में अदरक का तेज पेस्ट इस्तेमाल करें।
3. काली मिर्च: मसालों का राजा और पोषक तत्वों का अवशोषक
काली मिर्च को अक्सर ‘काला सोना’ कहा जाता है। इसमें मौजूद ‘पाइपरिन’ (Piperine) नामक तत्व शरीर के लिए वरदान साबित होता है। साइंस की बात करें तो, जो भी पोषक तत्व हम खाने में खाते हैं, उनका अवशोषण शरीर में काली मिर्च बढ़ा देती है। साथ ही, इसके एंटी-बैक्टीरियल गुण श्वसन तंत्र को संक्रमण से बचाते हैं।
कैसे करें इस्तेमाल?
काली मिर्च को सिर्फ सब्जी के ऊपर ही न छिड़कें। फलाहार या सलाद पर थोड़ी सी काली मिर्च पाउडर डालने से शरीर तक पोषण जल्दी पहुंचता है। हल्दी वाले दूध में एक पिंच काली मिर्च मिलाकर पीना मॉनसून का बेस्ट नुस्खा है।
4. करी पत्ता: स्वाद और सेहत दोनों का खजाना
दक्षिण भारतीय खाने में तो यह बहुत इस्तेमाल होता है, लेकिन बाकी हिस्सों में लोग इसे सिर्फ तड़के के लिए इस्तेमाल करते हैं और खाना खाते समय इसे हटा देते हैं। यह गलती है। करी पत्ते में विटामिन ए, बी, सी और ई के साथ-साथ आयरन और कैल्शियम भरपूर मात्रा में होता है। इनमें मौजूद कैरोटीनॉयड्स आपकी आंखों की रोशनी तो बढ़ाते ही हैं, साथ ही फ्री रेडिकल्स से लड़कर इम्यूनिटी को बूस्ट करते हैं।
कैसे करें इस्तेमाल?
करी पत्ते को तेल में छौंक कर दाल, सांभर, रसम या पोहा में मिलाएं और उसे खाते समय हटाए नहीं, बल्कि चबाकर खाएं।
5. नींबू: विटामिन-सी का प्राकृतिक खनिज
जब भी इम्यूनिटी की बात आती है, तो विटामिन-सी का नाम सबसे पहले आता है। नींबू इसका सबसे आसान और सस्ता स्रोत है। शरीर में जब भी कोई इंफेक्शन होता है, तो ‘श्वेत रक्त कोशिकाओं’ (WBCs) की जरूरत पड़ती है। नींबू इन्हीं श्वेत रक्त कोशिकाओं के उत्पादन को तेज करता है। इसके साइट्रिक एसिड शरीर को हाइड्रेट रखता है और थकान दूर करता है।
कैसे करें इस्तेमाल?
सुबह उठकर गुनगुने पानी में नींबू निचोड़कर पीना शुरू करें। दोपहर के खाने में दाल या सब्जी पर नींबू का रस जरूर डालें।
मॉनसून में स्वस्थ रहने का मंत्र
यह याद रखना बहुत जरूरी है कि ये सभी सुपरफूड्स आपकी बीमारी की दवाई नहीं हैं, बल्कि ये एक ‘प्रोटेक्टिव शील्ड’ (सुरक्षा कवच) बनाते हैं ताकि बीमारियां आपके पास तक न पहुंच पाएं। इन चीजों के साथ-साथ आपको मॉनसून में स्ट्रीट फूड, बाहर का फ्राइड खाना और बहुत ज्यादा ठंडे पानी के सेवन से बचना होगा। साफ-सुथरे पानी का इस्तेमाल करें और अपनी थाली में हरे पत्तेदार सब्जियों की मात्रा बढ़ाएं।
यदि आपको लगातार बुखार, बार-बार उल्टी, चक्कर आना या सांस लेने में तकलीफ हो रही है, तो घरेलू नुस्खों पर ही निर्भर रहने के बजाय तुरंत किसी योग्य चिकित्सक (डॉक्टर) से संपर्क करें। सही खान-पान और थोड़ी सी सावधानी से आप इस मॉनसून को पूरी तरह से एंजॉय कर सकते हैं!























