श्रद्धा तिवारी
Mumbai News: L’Oréal India ने अपने इतिहास में एक नई मील का पत्थर स्थापित किया है। कंपनी ने आज अपने सबसे बड़े ब्यूटी स्किलिंग सेंटर का उद्घाटन किया है, जो भारत के कौशल विकास और महिला सशक्तिकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का प्रतीक है। इस सेंटर का उद्देश्य पिछड़े और जरूरतमंद समुदायों की महिलाओं को पेशेवर हुनर, आर्थिक स्वतंत्रता और स्थायी आजीविका के अवसर प्रदान करना है। इस महत्वपूर्ण कदम के साथ ही, L’Oréal India ने सामाजिक-आर्थिक प्रभाव रिपोर्ट का भी अनावरण किया है, जो कंपनी के देश में आर्थिक योगदान और सामाजिक प्रभाव को रेखांकित करता है। इस अवसर पर माननीय केंद्रीय उद्योग और वाणिज्य मंत्री श्री पीयूष गोयल ने भी विशेष उपस्थिति दर्ज कराई।
नया ब्यूटी स्किलिंग सेंटर: एक नया अध्याय
यह 4,267 वर्ग फुट का सेंटर मुंबई के उत्तर में स्थित ‘सीआईआई’ के स्किल सेंटर में बनाया गया है। यह सेंटर हर साल लगभग 3,000 युवाओं को प्रोफेशनल हेयरड्रेसिंग, मेकअप आर्टिस्ट्री और ब्यूटी सर्विसेज जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षित करेगा। यह सेंटर ‘ब्यूटी फॉर अ बेटर लाइफ’ नामक अपने प्रमुख कौशल कार्यक्रम का हिस्सा है, जो भारत में कौशल विकास, स्वरोजगार और महिला सशक्तिकरण के लिए समर्पित है।
L’Oréal का यह कदम स्थानीय समुदायों में बदलाव लाने और स्वावलंबी बनाने में मदद करेगा। यह सेंटर सैलून इंडस्ट्री के साथ मिलकर काम करेगा, प्रशिक्षकों का विकास करेगा और विश्वस्तरीय प्रशिक्षण प्रदान करेगा। इसके माध्यम से, कंपनी न केवल युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करेगी, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने का भी प्रयास करेगी।
सामाजिक-आर्थिक प्रभाव रिपोर्ट का अनावरण
इस अवसर पर, L’Oréal India ने अपनी पहली ‘सामाजिक-आर्थिक प्रभाव अध्ययन’ रिपोर्ट भी जारी की। यह रिपोर्ट Asterès Impact Model (MIA) का उपयोग करके तैयार की गई है, जो कंपनी के देश के आर्थिक तंत्र में योगदान का विश्लेषण करती है। रिपोर्ट की मुख्य बातें इस प्रकार हैं:
- जॉब मल्टीप्लायर: कंपनी की हर एक नौकरी पूरे वैल्यू चेन में 39.5 अतिरिक्त नौकरियों को उत्पन्न करती है। इससे भारत भर में कुल 90,500 नौकरियों को समर्थन मिलता है, जिसमें लॉजिस्टिक्स, पैकेजिंग, कच्चे माल की खरीद और रिटेल के क्षेत्रों की नौकरियां शामिल हैं।
- स्थानीय विनिर्माण: ‘मेक इन इंडिया’ के विज़न के अनुरूप, भारत में बिक्री के 95% उत्पाद स्थानीय स्तर पर बनाए जाते हैं। महाराष्ट्र के चाकण और हिमाचल प्रदेश के बद्दी में स्थित अत्याधुनिक फैक्ट्रियों में ये उत्पाद तैयार होते हैं।
- ग्लोबल एक्सपोर्ट हब: भारत में बनाए गए माल को 25 अंतरराष्ट्रीय बाजारों में निर्यात किया जाता है, जिससे भारत एक महत्वपूर्ण मैन्युफैक्चरिंग और निर्यात केंद्र बन गया है।
- सैलून इकोनॉमी: कंपनी का प्रोफेशनल हेयरड्रेसिंग इकोसिस्टम €230 मिलियन (करीब 2,000 करोड़ रुपये) का है, जिसमें 54,000 से अधिक सैलून के साथ साझेदारी है। यह नेटवर्क भारत के बाल, सौंदर्य और व्यक्तिगत देखभाल उद्योग का मुख्य आधार है।
भारत में अपने दीर्घकालिक प्रतिबद्धता
L’Oréal India ने पिछले 31 वर्षों में भारत में अपनी मौजूदगी मजबूत की है। इस दौरान कंपनी ने कौशल विकास, स्थायी आजीविका और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है। नए ब्यूटी स्किलिंग सेंटर का उद्घाटन इसी प्रतिबद्धता का एक और पहलू है, जो भारत के सामाजिक-आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
L’Oréal India का यह नया ब्यूटी स्किलिंग सेंटर और सामाजिक-आर्थिक प्रभाव रिपोर्ट भारत में कौशल विकास और महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह पहल न केवल युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर प्रदान करेगी, बल्कि देश के आर्थिक और सामाजिक ताने-बाने में भी सकारात्मक बदलाव लाएगी। माननीय केंद्रीय मंत्री श्री पीयूष गोयल ने इस अवसर पर कहा कि यह कदम भारत की आर्थिक वृद्धि और महिला सशक्तिकरण के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर हैं।
इस पहल के साथ, L’Oréal India न सिर्फ अपनी सामाजिक जिम्मेदारी निभा रहा है, बल्कि भारत के समग्र विकास में भी अपना योगदान दे रहा है। यह कदम देश में कौशल विकास, स्थायी आजीविका और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में एक नई दिशा स्थापित करेगा, जो आने वाले वर्षों में भारत के सामाजिक-आर्थिक परिदृश्य को बदलने में मदद करेगा।























