संध्या समय न्यूज
Delhi News :दिल्ली की 200 साल पुरानी सांस्कृतिक विरासत और गंगा-जमुनी तहजीब के प्रतीक ‘फूल वालों की सैर’ के सम्मान में दिल्ली सरकार ने एक अहम फैसला लिया है। सरकार ने घोषणा की है कि आगामी 19 मार्च, गुरुवार को राजधानी के सभी सरकारी कार्यालयों में आधे दिन की छुट्टी रहेगी।
यह भी पढ़ें : बदलते जमाने में भी बरकरार है पहाड़ी संस्कृति
दिल्ली सरकार के जनरल एडमिनिस्ट्रेशन डिपार्टमेंट द्वारा जारी आधिकारिक नोटिफिकेशन के मुताबिक, 19 मार्च को दोपहर 2 बजे के बाद सभी सरकारी दफ्तर, स्वायत्त निकाय (ऑटोनॉमस बॉडीज) और पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग्स (PSUs) बंद रहेंगे। हालांकि, जरूरी सेवाओं के संचालन में कोई बाधा नहीं होगी। अस्पताल, फायर सर्विस और सुरक्षा एजेंसियां इस दौरान भी अपनी सेवाएं जारी रखेंगी।
क्या है इस छुट्टी की वजह?
यह आधे दिन की छुट्टी सिर्फ एक प्रशासनिक आदेश नहीं है, बल्कि दिल्ली की ऐतिहासिक परंपरा “फूल वालों की सैर” के प्रति सम्मान व्यक्त करने का प्रयास है। यह त्योहार हर साल बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है और दिल्ली सरकार का यह कदम इस परंपरा को आगे बढ़ाने और लोगों को इससे जोड़ने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है।
इतिहास और सांस्कृतिक महत्व
‘फूल वालों की सैर’ का इतिहास मुगल काल से जुड़ा है। कहा जाता है कि इस परंपरा की शुरुआत मुगल बादशाह अकबर शाह द्वितीय के समय में हुई थी। जब उनकी बेगम की मन्नत पूरी हुई, तो उन्होंने फूलों की चादर चढ़ाने का संकल्प लिया था। तब से यह परंपरा निभाई जा रही है।
आज यह त्योहार सिर्फ एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि हिंदू-मुस्लिम एकता का प्रतीक बन चुका है। यह दिल्ली की उस विरासत को दर्शाता है, जहां धर्म की सीमाओं से परे लोग मिलकर इस उत्सव को मनाते हैं। सरकार का यह फैसला राजधानी की समृद्ध संस्कृति और विरासत के प्रति सम्मान का संदेश देता है।





















