AAP launches scathing attack on BJP: दिल्ली में ओ-जोन (O-Zone) क्षेत्रों में चल रही तोड़फोड़ और बुलडोजर कार्रवाई को लेकर सियासी ताप बढ़ता जा रहा है। आप पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर केंद्र और दिल्ली में सत्तारूढ़ भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला है। पार्टी ने ओ-जोन प्रभावित कॉलोनियों में रह रहे लोगों की आवाज को बुलंद करने और उनके घरों को बचाने के लिए एक बड़ा हस्ताक्षर अभियान शुरू करने का ऐलान किया है। आप पार्टी की मांग है कि लोगों को मौखिक आश्वासन के बजाय संसद में कानून बनाकर वैधानिक सुरक्षा दी जाए।
दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज और विधायक संजीव झा ने प्रेस वार्ता कर भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। कहा कि भले ही केंद्र, दिल्ली सरकार, नगर निगम (MCD) और डीडीए (DDA) जैसी सभी महत्वपूर्ण एजेंसियों पर भाजपा का नियंत्रण है, फिर भी आम लोगों के घरों को बचाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है. पार्टी ने साफ किया कि जब तक संसद में कानून नहीं बनता, तब तक लाखों लोगों के आशियानों पर संकट के बादल मंडराते रहेंगे।
“चार इंजन वाली सरकार” के बावजूद बेखटके बुलडोजर
आप पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने भाजपा पर तीखा हमला करते हुए कहा कि दिल्ली में भाजपा की “चार इंजन वाली सरकार” है। केंद्र सरकार, दिल्ली के एलजी (LG), एमसीडी और DDA—सभी पर भाजपा का कब्जा है, लेकिन इसके बावजूद सत्ता पर अंकुश लगाने वाला कोई नहीं बचा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता के इस एकाधिकार का इस्तेमाल गरीबों और मध्यवर्गीय परिवारों को उजाड़ने के लिए किया जा रहा है।
चारों इंजन की ताकत के साथ भाजपा अब गुंडागर्दी पर उतर आई है। इन्होंने झुग्गियां पर बुल्डोजर चलाकर लाखों लोगों को बेघर किया। खुद CM रेखा गुप्ता की अपनी विधानसभा में लोगों के घर तोड़े गए।
अब O zone के नाम पर हजारों घरों पर बुल्डोजर चलाया जा रहा है। ऊपर से भाजपा की बेशर्मी ये है कि… pic.twitter.com/7is4NnS7cl
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) June 16, 2026
भारद्वाज ने कहा कि पहले झुग्गी-झोपड़ियों पर बुलडोजर चलाया गया, फिर अनधिकृत कॉलोनियों को निशाना बनाया गया और अब ओ-जोन क्षेत्र में दशकों से रह रहे लोगों के मकानों पर तोड़फोड़ की जा रही है। उन्होंने दर्द बयान करते हुए कहा कि इन क्षेत्रों में कई परिवार 40-50 वर्षों से अपना घर बनाकर रह रहे हैं। इतने लंबे समय में इन लोगों ने सरकारी एजेंसियों को नक्शे पास कराने के लिए जुर्माना और फीस भी भरी, लेकिन अब अचानक उन्हें बेघर करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब भाजपा सभी जगहों पर सत्ता में है, तो फिर क्या वजह है कि लोगों को सुरक्षा नहीं मिल रही?
वादा नहीं, कानून चाहिए: संजीव झा
विधायक संजीव झा ने मुद्दे को और गंभीरता से रखते हुए कहा कि ओ-जोन प्रभावित करीब 91 कॉलोनियों के लोग आज असुरक्षा के माहौल में जी रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा के सांसद, मंत्री और मुख्यमंत्री जनता को केवल आश्वासन के झूठे वादे दे रहे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत में कोई समाधान नहीं दे रहे।
संजीव झा ने साफ शब्दों में कहा कि यदि सरकार वास्तव में लोगों के घर बचाना चाहती है, तो उसे संसद में कानून लाकर इन कॉलोनियों को वैधानिक सुरक्षा प्रदान करनी होगी। उन्होंने कहा कि मौखिक आश्वासन से अब किसी का भरोसा नहीं बनता, क्योंकि पहले भी कई वादे किए गए थे लेकिन बुलडोजर की कार्रवाई नहीं रुकी। उन्होंने जोर दिया कि जब तक एक सख्त कानून नहीं बनता, तब तक लोगों का भरोसा टूटना लाजमी है।
दिल्ली स्पेशल प्रोविजंस एक्ट की तर्ज पर मांग
आप पार्टी नेताओं ने अपनी मांग को तार्किक आधार देते हुए कहा कि जिस तरह दिल्ली स्पेशल प्रोविजंस एक्ट (Delhi Special Provisions Act) के तहत अनधिकृत कॉलोनियों को संरक्षण मिला हुआ है, उसी तरह ओ-जोन प्रभावित कॉलोनियों को भी कानूनी ढाल दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा के पास संसद में बहुमत है। अगर सरकार में थोड़ी भी इच्छाशक्ति है, तो वह आज ही कानून बनाकर लोगों को राहत दे सकती है।
बदरपुर की कॉलोनियां सबसे ज्यादा प्रभावित
इस मौके पर बदरपुर क्षेत्र से जुड़े पार्टी नेता चौबे ने भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि ओ-जोन के नाम पर सबसे अधिक असर बदरपुर विधानसभा की कॉलोनियों पर पड़ रहा है। उन्होंने चौंकाने वाला दावा किया कि बदरपुर विधानसभा की 45 कॉलोनियां इससे प्रभावित हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि कई इलाके यमुना नदी से कई किलोमीटर दूर होने के बावजूद भी ओ-जोन की श्रेणी में कैसे शामिल कर दिए गए हैं?
चौबे ने क्षेत्रीय सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वर्षों से इस मुद्दे पर राजनीति होती रही है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं निकाला गया। उन्होंने आरोप लगाया कि जनता की भलाई के बजाय सिर्फ राजनीतिक रोटियां सेंकी जा रही हैं।
घर-घर जाकर चलाया जाएगा हस्ताक्षर अभियान
प्रेस वार्ता के दौरान सौरभ भारद्वाज ने आगामी कार्ययोजना की जानकारी देते हुए घोषणा कि आप पार्टी अब मैदान में उतर रही है। पार्टी ओ-जोन प्रभावित सभी कॉलोनियों में घर-घर जाकर हस्ताक्षर अभियान चलाएगी। इस अभियान में पार्टी के विधायक, पार्षद और सक्रिय कार्यकर्ता लोगों से हस्ताक्षर करवाएंगे।
इन हस्ताक्षरों के माध्यम से एक विशाल ज्ञापन तैयार किया जाएगा, जिसे प्रधानमंत्री और केंद्र सरकार तक पहुंचाया जाएगा। पार्टी का मानना है कि इससे सरकार को यह संदेश जाएगा कि लोग केवल आश्वासन नहीं, बल्कि स्थायी समाधान चाहते हैं। इस हस्ताक्षर अभियान का मकसद सरकार पर दबाव बनाकर संसद में कानून बनाने को मजबूर करना है, ताकि ओ-जोन क्षेत्र में रहने वाले लोगों को स्थायी सुरक्षा प्रदान की जा सके।
संकट के बादलों के बीच आप पार्टी की चेतावनी
आप पार्टी नेताओं ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि जब तक संसद में कानून नहीं बनता, तब तक दिल्ली के लाखों लोगों के घरों पर संकट की तलवार लटकी रहेगी। पार्टी ने भाजपा से साफ तौर पर कहा कि लोगों को वोट बैंक की तरह इस्तेमाल करने के बजाय उनकी छत बचाने का काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि वादों का पिटारा खाली है, जनता अब कानून और सुरक्षा चाहती है।
यह अभियान दिल्ली की राजनीति में ओ-जोन मुद्दे को गरमाने वाला साबित हो सकता है, क्योंकि इससे प्रभावित क्षेत्रों में बड़ी आबादी निवास करती है और आगामी चुनावों में यह मुद्दा भारी पड़ सकता है। आप पार्टी ने साफ कर दिया है कि वह आम आदमी की लड़ाई को किसी भी कीमत पर अंजाम तक ले जाएगी।






















