UP News: गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण-पत्र की सुगम जारीकरण की मांग को लेकर 30 मार्च 2026 को बांसडीह तहसील पर ‘घेरा डालो-डेरा डालो’ आंदोलन के तहत विशाल धरना-प्रदर्शन का आयोजन किया जाएगा। इस आंदोलन की सफलता के लिए पूर्वांचल छात्र संघर्ष समिति के संयोजक एवं टाउन स्नातकोत्तर महाविद्यालय छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष नागेंद्र बहादुर सिंह झुन्नू ने गोंडवाना प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
बाबा साहेब की प्रतिमा पर किया माल्यार्पण
बता दें कि बुधवार को बांसडीह स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पूर्व छात्र नेता नागेंद्र बहादुर सिंह झुन्नू ने प्रचार वाहन को रवाना किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि छात्र आंदोलन के दबाव में ही आज बलिया सदर तहसील में गोंड अनुसूचित जनजाति प्रमाण-पत्र सुगमता पूर्वक जारी किए जा रहे हैं, लेकिन बांसडीह तहसील में तहसीलदार द्वारा शासनादेशों की घोर अवमानना की जा रही है।
यह भी पढ़ें : IFFD 2026: नंदमुरी बालकृष्ण का संस्कारी अवतार देख फैंस बने दीवाने,वायरल वीडियो
सरकार के आदेशों की हो रही है अवहेलना
बता दें कि नागेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि मानदंड निर्देशालय उत्तर प्रदेश शासन, समाज कल्याण अनुभाग-3 लखनऊ के शासनादेश संख्या- 129/2021/3206/26-3-2021, दिनांक 3 नवम्बर 2021 द्वारा स्पष्ट निर्देश दिया गया है कि आवेदनकर्ता द्वारा साक्ष्य के तौर पर प्रमाणित भू-राजस्व अभिलेखों 1356 या 1359 फसली की खतौनी में गोंड़ अंकित होने की पुष्टि होने पर प्रमाण-पत्र निर्गत किया जाए। साथ ही, भूमिहीन आवेदनकर्ताओं के मामले में परिवार रजिस्टर, विद्यालय की टी.सी. तथा नजदीकी गोंड परिवार से जांच-पड़ताल कर प्रमाण-पत्र जारी किए जाने का निर्देश है। उन्होंने आरोप लगाया कि बांसडीह तहसीलदार इन आदेशों का अक्षरशः अनुपालन नहीं कर रहे हैं और गोंड जनजाति के छात्रों व नौजवानों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। ऑनलाइन आवेदन करने के बाद भी आवेदनों को बार-बार अस्वीकृत या निरस्त कर दिया जा रहा है, जिससे गोंड छात्रों का उत्पीड़न चरम पर है।
जारी रहेगा आंदोलन
बता दें कि इस मौके पर ऑल गोंडवाना स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AGSA) के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज शाह और संरक्षक अरविंद गोंडवाना ने संयुक्त रूप से कहा कि गोंड जनजाति प्रमाण-पत्र जारी होने तक बांसडीह तहसील पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन जारी रहेगा। उन्होंने प्रशासन से तत्काल मांगों को स्वीकार करने की अपील की है।


















