संंदिप कुमार गर्ग
नोएडा। ड्यूटी पर आने-जाने वाले लोगों से मोबाइल फोन छीनने वाले चार बदमाशों को नोएडा के फेज-3 थाना पुलिस ने सोमवार देर रात मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। पुलिस और बदमाशों के बीच यह मुठभेड़ सेक्टर-63 स्थित गढ़ी गोल चक्कर के पास हुई। मुठभेड़ के दौरान तीन बदमाश पुलिस की गोली लगने से घायल हो गए। तीनों को इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान धीरेंद्र उर्फ वीर सिंह उर्फ लम्बू, पुरुषोत्तम मौर्य, इमरान उर्फ चाचा और सुधीर गुप्ता के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन तमंचे, चोरी की बाइक, अलग-अलग कंपनियों के 14 मोबाइल फोन और 8 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं।
डीसीपी शक्ति मोहन अवस्थी के अनुसार, पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कुछ बदमाश गढ़ी गोल चक्कर के पास लूट की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलने के बाद फेज-3 थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस को देखकर तीन बदमाशों ने भागने का प्रयास किया।
पुलिस के अनुसार, घेराबंदी के दौरान आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में धीरेंद्र उर्फ वीर सिंह उर्फ लम्बू, पुरुषोत्तम मौर्य और इमरान उर्फ चाचा के पैर में गोली लगी। इसके बाद तीनों को गिरफ्तार कर इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन तमंचे और एक चोरी की बाइक बरामद की है। पुलिस के अनुसार बरामद बाइक यामाहा एमटी है, जिसे दिल्ली क्राइम ब्रांच के पुलिस स्टेशन क्षेत्र से चोरी किया गया था।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि गिरफ्तार आरोपी नोएडा के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में ड्यूटी पर आने-जाने वाले लोगों से मोबाइल फोन छीनते थे।
पुलिस जांच में सामने आया कि मुठभेड़ में गिरफ्तार तीनों बदमाश कथित तौर पर लूटे गए मोबाइल फोन सुधीर गुप्ता को बेचते थे। पुलिस ने सुधीर को पर्थला गोल चक्कर के पास से गिरफ्तार किया।
पुलिस ने सुधीर के कब्जे और आरोपियों से कुल 14 मोबाइल फोन बरामद किए हैं। ये मोबाइल अलग-अलग कंपनियों के बताए जा रहे हैं। इसके अलावा आरोपियों के पास से 8 हजार रुपये नकद भी बरामद किए गए हैं।
चारों आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि उन्होंने नोएडा के किन-किन थाना क्षेत्रों में मोबाइल लूट की वारदातों को अंजाम दिया था। बरामद मोबाइल फोन के संबंध में भी पुलिस जानकारी जुटा रही है।
पुलिस आरोपियों के आपराधिक इतिहास और उनके संपर्क में शामिल अन्य लोगों के बारे में भी जांच कर रही है।



























