Bollywood News: सोशल मीडिया का दौर ऐसा है कि यहां किसी भी सेलिब्रिटी की एक छोटी सी क्लिप किसी बड़े विवाद का रूप ले सकती है। हाल ही में कुछ ऐसा ही हुआ, जब बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता सलमान खान की पहली फिल्म ‘मैंने प्यार किया’ की सुपरहिट हीरोइन और 90 के दशक की चर्चित अदाकारा भाग्यश्री एक बार फिर सुर्खियों में आ गईं। हालांकि, इस बार उनका कोई नया प्रोजेक्ट या फिल्म नहीं, बल्कि वाराणसी के एक लस्सी शॉप पर बनाई गई उनकी एक महज कुछ सेकंड की रील कारण बनी। इस वीडियो ने इंटरनेट पर ऐसी बहस छेड़ दी है जिसने आज के दौर की ‘रील लाइफ’ और ‘रियल लाइफ’ के बीच की दूरियों को उजागर कर दिया है।
पहलवान लस्सी की दुकान पर पहुंचीं भाग्यश्री
दरअसल, भाग्यश्री हाल ही में वाराणसी के अपने दौरे पर थीं। वाराणसी आने और यहां की प्रसिद्ध ‘पहलवान लस्सी’ का स्वाद चखे बिना कोई भी यात्रा अधूरी मानी जाती है। ऐसे में भाग्यश्री भी इस मशहूर लस्सी आउटलेट पर पहुंचीं। यहां उन्होंने अपने इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के लिए एक वीडियो रील बनाने का निर्णय लिया। वीडियो में वह एक बड़े से भरे हुए लस्सी के गिलास को हाथ में लिए हुए बेहद खुश नजर आ रही हैं। वह कैमरे के सामने लस्सी की चुस्की लेती हुईं और उसके स्वाद का भरपूर लुत्फ उठाती हुईं दिखाई देती हैं।
कैमरा बंद होते ही बदला एक्शन, उठीं सवालिया निशानियां
असली विवाद तब शुरू हुआ जब वीडियो आगे बढ़ा। जैसे ही शूटिंग रुकी और कैमरा ऑफ हो गया, भाग्यश्री का अगला एक्शन दर्शकों को शक के घेरे में ले गया। कैमरा बंद होते ही उन्होंने लस्सी का गिलास तुरंत अपने पास रख दिया और आगे की कोई चुस्की नहीं ली। यह मात्र कुछ सेकंड का हिस्सा था, लेकिन सोशल मीडिया यूजर्स की नजर इसे कैच करने में कामयाब रही। लोगों ने इसे एक्टिंग और असलियत का फर्क बताते हुए तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दीं। कुछ लोगों ने तो इसे ‘चोरी’ और ‘धोखा’ जैसे शब्दों से भी तवल्लुक करना शुरू कर दिया, हालांकि यह शब्द कहीं ज्यादा कड़वे थे।
सोशल मीडिया पर दो भागों में बंटे यूजर्स
इस वायरल क्लिप को लेकर इंटरनेट पर जमकर बहस हो रही है और लोग दो अलग-अलग धड़ों में बंटे हुए नजर आ रहे हैं। एक तबका भाग्यश्री को जमकर ट्रोल कर रहा है। इस वर्ग का मानना है कि सिर्फ रील बनाने और व्यूज बटोरने के लिए किसी चीज का नाटक करना और फिर उसे बीच में ही छोड़ देना भ्रम पैदा करना है। उनका कहना है कि अगर लस्सी पीनी ही थी, तो कैमरे के बंद होने के बाद भी उसे पीना जारी रखना चाहिए था।
दूसरी ओर, भाग्यश्री के समर्थकों का कहना है कि लोगों को बेवजह चीजों को तूल देना बंद करना चाहिए। उनके अनुसार, एक अभिनेत्री का मूल काम ही कैमरे के सामने अच्छे से परफॉर्म करना है। फूड ब्लॉगर्स और सेलिब्रिटीज द्वारा बनाई जाने वाली रील्स में किसी भी खाने-पीने की चीज को पूरी तरह से खत्म करना कोई लाजमी नहीं होता। कैमरे के लिए एक-दो घूंट लेना एक पूरी तरह से सामान्य और पेशेवर प्रक्रिया है।
रील लाइफ बनाम रियल लाइफ
भाग्यश्री का यह वीडियो सिर्फ एक विवाद तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसने आज के डिजिटल युग की एक बड़ी सच्चाई को सामने ला दिया है। सोशल मीडिया पर जो कुछ भी दिखता है, वह सच्चाई से कोसों दूर हो सकता है। एक 15 से 20 सेकंड की रील में जो खुशी या स्वाद दिखाया जाता है, वह केवल एक नुक्ताचीनी भर होती है। इस मामले में तो सच यह भी हो सकता है कि भारी लस्सी के गिलास को कैमरे के बाहर आराम से पिया गया हो, लेकिन वीडियो में सिर्फ ‘कट’ वाला हिस्सा आया और लोगों ने अपनी तरफ से निष्कर्ष निकाल लिया। यह बहस साबित करती है कि आज का दर्शक कितना अधिक जजमेंटल हो गया है और बिना पूरी जानकारी के किसी के किरदार पर पंचायत लगा देता है।
विवाद के बीच लाइमलाइट में आई ‘पहलवान लस्सी’
इस पूरे प्रकरण से एक और चीज जो सामने आई, वह है वाराणसी की इस ऐतिहासिक लस्सी दुकान की अनदेखी प्रचार-प्रसार यात्रा। भले ही भाग्यश्री ट्रोल हुईं या उनका सपोर्ट हुआ, लेकिन इस वीडियो के वायरल होते ही ‘पहलवान लस्सी’ का नाम पूरे इंटरनेट पर छा गया। काशी आने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों के बीच यह जगह पहले से ही काफी लोकप्रिय रही है, लेकिन एक बॉलीवुड सेलिब्रिटी का यहां आना और फिर उसका विवादित वीडियो बनना इस दुकान के लिए एक बड़े प्रमोशन के रूप में काम कर गया है। शायद यही कहावत है कि “कोई भी पब्लिसिटी बुरी नहीं होती।”























