संदिप कुमार गर्ग
नोएडा। शेयर ट्रेडिंग में मोटा मुनाफा दिलाने का झांसा देकर 48 लाख 50 हजार रुपये की ठगी करने के मामले में साइबर क्राइम पुलिस ने बुधवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक एक्सिस बैंक का कर्मचारी भी शामिल है। आरोप है कि बैंक कर्मचारी ने फर्जी फर्म के नाम पर बैंक खाता खुलवाने में मदद की थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से एक मोबाइल फोन बरामद किया है। इसके अलावा विभिन्न बैंक खातों से 3 लाख 25 हजार रुपये फ्रीज कराए गए हैं।
साइबर क्राइम थाना पुलिस के मुताबिक, शेयर ट्रेडिंग में निवेश कर मोटा मुनाफा कमाने का झांसा देकर पीड़ित से 48 लाख 50 हजार रुपये की ठगी की गई थी। मामले में साइबर क्राइम थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।
जांच के दौरान पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और तकनीकी साक्ष्यों का सहारा लिया। जांच में मिले सुरागों के आधार पर पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बहराइच निवासी ऋषभ मिश्रा पुत्र राकेश मिश्रा और औरैया निवासी धीरज पोरवाल पुत्र रामकृष्ण पोरवाल के रूप में हुई है। दोनों को सेक्टर-41 के पास निर्माणाधीन फ्लाईओवर के नजदीक से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के मुताबिक ऋषभ मिश्रा एक्सिस बैंक का कर्मचारी है। आरोप है कि उसने धीरज पोरवाल के नाम से फर्जी फर्म तैयार कर उसके नाम पर बैंक खाता खुलवाया। इसी खाते का इस्तेमाल कथित तौर पर ठगी की रकम के लेनदेन में किया गया।
शेयर ट्रेडिंग के नाम पर हुई ठगी की जांच में पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और तकनीकी साक्ष्यों को आधार बनाया। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने आरोपियों के पास से एक मोबाइल फोन बरामद किया है। साथ ही ठगी से जुड़े विभिन्न बैंक खातों में मौजूद 3 लाख 25 हजार रुपये फ्रीज कराए गए हैं।
साइबर क्राइम पुलिस अब मामले में फर्जी फर्म, बैंक खाते और ठगी की रकम के लेनदेन से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।


























