संदिप कुमार गर्ग
नोएडा। थाना सेक्टर-126 पुलिस ने 17 लाख रुपये की कथित लूट के मामले का खुलासा करते हुए कर्मचारी और उसके सगे भाई को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों भाइयों ने मालिक के 17 लाख रुपये हड़पने की नीयत से लूट की झूठी योजना बनाई थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से गबन की गई पूरी 17 लाख रुपये की नकदी बरामद कर ली है।
17 लाख रुपये लूटने की दी थी सूचना
सेक्टर-14ए स्थित अपर पुलिस उपायुक्त कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में एडीसीपी नोएडा मनीष कुमार मिश्र ने मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अतुल अग्रवाल का सेक्टर-18 में कार्यालय है और वह प्रकाश डेवलपर्स के नाम से बिल्डर का काम करते हैं।
पुलिस के अनुसार, कंपनी में काम करने वाला रोहित भाटी पुत्र तेजवीर भाटी, निवासी दादरी, 17 लाख रुपये का कैश कलेक्शन लेकर कंपनी लौट रहा था। इसी दौरान उसने कंपनी के लोगों को फोन कर बताया कि हथियारबंद बदमाशों ने हाजीपुर अंडरपास के पास उससे 17 लाख रुपये लूट लिए।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
पुलिस को रोहित के बयान पर हुआ शक
जांच के दौरान पुलिस को रोहित के बयान में कई विरोधाभास मिले। इसके बाद पुलिस ने उससे पूछताछ की। पूछताछ में कथित तौर पर रोहित ने पूरी घटना का खुलासा कर दिया।
रोहित ने पुलिस को बताया कि उसने अपने मालिक के पैसे हड़पने के उद्देश्य से लूट की झूठी कहानी बनाई थी। इस योजना में उसका सगा भाई राहुल भाटी भी शामिल था।
भाई को सौंप दिए थे 17 लाख रुपये
पूछताछ में रोहित ने बताया कि वह करीब डेढ़ महीने से कंपनी में कैश कलेक्शन का काम कर रहा था। उसके पास बड़ी रकम देखकर उसके मन में लालच आया और उसने अपने भाई राहुल के साथ मिलकर रकम गबन करने की योजना बनाई।
योजना के तहत रोहित ने अपने भाई राहुल को हाजीपुर अंडरपास के पास बुलाया। राहुल के वहां पहुंचने पर रोहित ने 17 लाख रुपये की पूरी रकम उसे सौंप दी। इसके बाद रोहित ने कंपनी के मालिक को फोन कर बदमाशों द्वारा रुपये लूटे जाने की झूठी सूचना दे दी।
सेक्टर-37 बस स्टैंड के पास से दोनों गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक, रोहित और राहुल दोनों गबन की गई रकम को लेकर फरार होने की फिराक में थे। दोनों भाइयों ने 17 लाख रुपये को दो बैग में रखा था और रकम को ठिकाने लगाने के उद्देश्य से सेक्टर-37 नोएडा बस स्टैंड के पास सवारी का इंतजार कर रहे थे।
इसी दौरान थाना सेक्टर-126 पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से 17 लाख रुपये नकद बरामद कर लिए हैं।
पुलिस ने लूट की झूठी कहानी का किया खुलासा
पुलिस की जांच में सामने आया कि जिस घटना को शुरुआत में हथियारबंद बदमाशों द्वारा की गई लूट बताया गया था, वह कथित तौर पर कर्मचारी और उसके भाई द्वारा रची गई साजिश थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

























