Announcement by CM Rekha Gupta: दिल्ली में यमुना के किनारे एक नया पर्यटन और मनोरंजन स्थल विकसित करने की योजना है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा है कि दिल्ली यमुना सफारी का उद्घाटन छठ पर्व से पहले करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रस्तावित सफारी में लोग नाव से यमुना के आसपास के क्षेत्र का अनुभव कर सकेंगे और नदी के दर्शन कर पाएंगे। इसे परिवारों के लिए एक आकर्षक पिकनिक स्थल के रूप में विकसित करने की बात कही गई है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के मुताबिक, इस परियोजना का उद्देश्य केवल नौका-विहार तक सीमित नहीं है। योजना में प्रकृति और यमुना की स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए लोगों को नदी से जोड़ने पर जोर दिया जा रहा है। हालांकि, उद्घाटन की तारीख और सफारी के संचालन से जुड़ी विस्तृत जानकारी की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार रहेगा।
छठ से पहले उद्घाटन का लक्ष्य
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सरकार की योजना है कि यमुना सफारी का उद्घाटन छठ से पहले कर दिया जाए। छठ पर्व के दौरान दिल्ली में बड़ी संख्या में श्रद्धालु यमुना के घाटों पर पहुंचते हैं। ऐसे में इस परियोजना का समय और स्थान लोगों की रुचि का विषय बन सकता है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि सफारी के माध्यम से लोग नाव में बैठकर नदी का अनुभव कर सकेंगे। उन्होंने दूसरे शहरों में नदियों पर नाव की सवारी से मिलने वाले सुकून का उदाहरण देते हुए कहा कि दिल्ली में भी लोग यमुना सफारी के दौरान ऐसा अनुभव कर पाएंगे। उनके अनुसार, यह लोगों को मां यमुना के दर्शन करने और नदी के आसपास समय बिताने का अवसर देगी।
परिवारों के लिए पिकनिक स्थल बनाने की योजना
सरकार इस परियोजना को दिल्ली के लिए एक नए मनोरंजन स्थल के रूप में पेश कर रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि इसे ऐसा स्थान बनाने की योजना है, जहां परिवार आ सकें और प्रकृति के बीच समय बिता सकें। यदि परियोजना नियोजित रूप में विकसित होती है, तो यह दिल्लीवासियों के लिए शहर के भीतर एक अलग तरह का अवकाश विकल्प बन सकती है।
दिल्ली में पर्यटन और मनोरंजन के कई विकल्प मौजूद हैं, लेकिन नदी के साथ नौका-विहार का अनुभव शहरवासियों के लिए नया आकर्षण बन सकता है। यमुना सफारी के जरिए लोगों को नदी के करीब लाने और स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा देने की उम्मीद जताई जा रही है। परियोजना से जुड़े वास्तविक अनुभव, उपलब्ध सुविधाएं और प्रवेश व्यवस्था की जानकारी शुरू होने के बाद स्पष्ट होगी।
यमुना की सफाई और प्रकृति पर जोर
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने अपने बयान में यमुना की सफाई और प्रकृति के संरक्षण को भी अहम बताया। उन्होंने कहा कि सफारी का उपयोग करते समय नदी की स्वच्छता का ध्यान रखा जाएगा। यह पहल तभी सफल मानी जाएगी, जब पर्यटन गतिविधियों के साथ नदी और उसके आसपास के पर्यावरण की सुरक्षा भी सुनिश्चित हो।
यमुना की सफाई दिल्ली के लिए लंबे समय से महत्वपूर्ण मुद्दा रही है। इसलिए परियोजना को लेकर लोगों की अपेक्षा केवल पर्यटन तक सीमित नहीं होगी। सफाई, कचरा प्रबंधन, नदी-तट के संरक्षण और पर्यावरणीय नियमों के पालन पर भी ध्यान देना जरूरी होगा। इन पहलुओं पर आधिकारिक योजना और व्यवस्था की जानकारी सामने आने पर परियोजना के पर्यावरणीय प्रभाव का बेहतर आकलन किया जा सकेगा।


























