बच्चे की पुकार बनी दर्दनाक कहानी, रिटायर्ड फौजी गिरफ्तार

‘अंकल बचा लो…’ चीखों से कांप उठा इलाका

Himachal Pradesh News: हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले से मानवता को शर्मसार करने वाला एक दिलदहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां महज एक पेड़ से अमरूद तोड़ने के ‘गुनाह’ पर एक रिटायर्ड फौजी ने प्रवासी परिवार की मासूम बच्ची को घर के अंदर सीढ़ियों से बांधकर बेरहमी से पीटा। बच्ची की रोने की आवाज और ‘अंकल, मुझे बचा लो’ की गुहार भी पत्थर दिल आरोपी का दिल नहीं पसीजा सकी।

पूरा मामला क्या है?

दरअसल, ऊना में रहने वाले एक प्रवासी परिवार की बेटी ने खेलते-खेलते एक रिटायर्ड सैनिक के घर के बाहर लगे अमरूद के पेड़ से कुछ अमरूद तोड़ लिए। बच्ची की इस मासूमियत को रिटायर्ड फौजी ने इतना बड़ा अपराध मान लिया कि उसने आग बबूला होकर मासूम को घसीटकर अपने घर के अंदर ले गया और सीढ़ियों से बांधकर उसे जमकर पीटा।

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वीडियो बना सबूत, युवक ने उठाई आवाज

इस दरिंदगी के दौरान मौके पर मर्चेंट नेवी में काम करने वाले एक स्थानीय युवक ने साहस दिखाते हुए इस पूरी घटना का वीडियो बना लिया। वीडियो में बच्ची की बिलखती हुई आवाज सुनकर किसी का भी रोंगटे खड़े हो सकते हैं। वीडियो में आरोपी फौजी बेशर्मी से यह कहते हुए नजर आ रहा है कि, “इसने हमारे अमरूद चुराए हैं।”

वीडियो रिकॉर्ड करने वाले युवक ने जब आरोपी को लताड़ते हुए पूछा, “अमरूद चुराए तो ऐसे मारोगे?”, तो भी आरोपी को कोई जवाब नहीं था। युवक ने तुरंत इस मामले की सूचना चाइल्ड हेल्पलाइन (1098) और स्थानीय पुलिस को दी। हालांकि, बाद में दबाव में आकर आरोपी रिटायर्ड फौजी ने पीड़ित परिवार और शिकायतकर्ता युवक से माफी मांगी और अपनी गलती स्वीकार कर ली।

पुलिस ने लिया संज्ञान, दर्ज किया केस

वीडियो वायरल होने और लोगों में गुस्सा देखते हुए पुलिस प्रशासन भी सक्रिय हो गया। डीएसपी (DSP) संजीव भाटिया ने बताया कि पुलिस ने इस अमानवीय घटना का संज्ञान लेते हुए आरोपी रिटायर्ड फौजी से कड़ाई से पूछताछ की है।

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उन्होंने बताया कि पीड़ित बच्ची के परिवार के बयान दर्ज कर लिए गए हैं और बच्ची का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। बच्ची के साथ जुल्म करने वाले रिटायर्ड सैनिक के खिलाफ जुवेनाइल जस्टिस (बाल न्याय) एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

Rishi Tiwari

ऋषि तिवारी (Rishi Tiwari) ने वर्ष 2011 में मुंबई से पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखा और मुंबई से प्रकाशित मुंबई मित्र जैसे समाचारपत्रों में सक्रिय भूमिका निभाई। इसके बाद दिल्ली और एनसीआर में एपीएनएस न्यूज एजेंसी में लंबे समय तक सेवाएं देने के बाद यहां से रुख कर लिया। वर्ष 2018 में इन्होंने संध्या समय न्यूज के साथ नई पारी की शुरुआत की। पिछले कई वर्षों से निष्पक्ष, प्रभावी और जनसरोकारों पर आधारित पत्रकारिता को मजबूती से आगे बढ़ाने का काम कर रहे हैं।

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