भवेश कुमार
मुजफ्फरपुर। बिहार में लगने वाले सबसे बड़े श्रावणी मेले को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां जोर-शोर से शुरू कर दी हैं। बिहार श्रावणी मेला 2026 को लेकर जिला पदाधिकारी ने प्रशासनिक तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने जिला प्रवेश स्थल फकुली चौक से लेकर बाबा गरीबनाथ मंदिर तक का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जिला पदाधिकारी ने कहा कि पिछले वर्षों की तरह इस वर्ष भी मेले को लेकर व्यापक और बेहतर तैयारी की जा रही है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं और कांवरियों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए सभी जरूरी सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराना है।
कांवरियों के लिए आवास, शौचालय और पेयजल की व्यवस्था
श्रावणी मेले में बड़ी संख्या में पहुंचने वाले कांवरियों को ध्यान में रखते हुए आवास, शौचालय, पेयजल और विश्राम की व्यवस्था की जा रही है। शहर के आरडीएस कॉलेज, डीएन हाई स्कूल समेत कई अन्य स्थानों पर कांवरियों के ठहरने और विश्राम की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए मेला क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं को मजबूत किया जा रहा है, ताकि दूर-दराज से आने वाले कांवरियों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
पैदल कांवरियों के लिए विशेष ट्रैफिक व्यवस्था
मेले के दौरान बड़ी संख्या में पैदल कांवरियों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए विशेष ट्रैफिक व्यवस्था की जाएगी। प्रशासन की कोशिश है कि कांवरियों के आवागमन के दौरान यातायात व्यवस्था सुचारु बाबा का जलाभिषेक कर सकेंगे। इससे मंदिर परिसर में भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की सुविधा बनाए रखने में बनी रहे और आम लोगों को भी अनावश्यक परेशानी न हो।
अर्घा के माध्यम से होगा जलाभिषेक
बाबा गरीबनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं के जलाभिषेक के लिए अर्घा की व्यवस्था की जाएगी। इसके माध्यम से कांवरिए और श्रद्धालु बाबा का जलाभिषेक कर सकेंगे। इससे मंदिर परिसर में भीड़ को नियंत्रित करने और श्रद्धालुओं की सुविधा बनाए रखने में मदद मिलेगी।
मेला मार्ग में सुरक्षा को देखते हुए लटके हुए बिजली के तारों को दुरुस्त किया जा रहा है। प्रशासन की ओर से बिजली व्यवस्था की भी निगरानी की जा रही है, ताकि मेले के दौरान किसी तरह की दुर्घटना की स्थिति उत्पन्न न हो।
सीसीटीवी से होगी पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी
श्रावणी मेला 2026 के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन ने विशेष तैयारी की है। मेला क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जाएगी। इसके अलावा सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखने के लिए प्रशासन और पुलिस की टीम लगातार सक्रिय रहेगी।
जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि श्रावणी मेले के दौरान डीजे बजाने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों से मेले की व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है।
सेवादारों से प्रशासन का सहयोग करने की अपील
जिला पदाधिकारी ने स्थानीय सेवादारों से अपील की कि पिछले वर्षों की तरह इस वर्ष भी वे प्रशासन का पूरा सहयोग करें और टीम की तरह मिलकर काम करें। उन्होंने कहा कि प्रशासन, पुलिस, सेवादार और स्थानीय लोगों के आपसी सहयोग से ही श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकती हैं।
प्रशासन का लक्ष्य है कि बिहार श्रावणी मेला 2026 के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित माहौल मिले तथा बाबा गरीबनाथ मंदिर में जलाभिषेक के लिए आने वाले कांवरियों को किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े।


























