FIFA World Cup 2026 जो अमेरिका, मैक्सिको और कनाडा में संयुक्त रूप से आयोजित किया जाएगा, फुटबॉल के खेल में कई बड़े बदलाव लेकर आ रहा है। इस टूर्नामेंट से पहले इंटरनेशनल फुटबॉल एसोसिएशन बोर्ड (IFAB) ने सात नए या संशोधित नियमों की घोषणा की है, जो खेल के अनुभव को और बेहतर बनाने के उद्देश्य से लागू किए जाएंगे। इन नए नियमों का मकसद खेल की गति को बढ़ाना, भेदभाव को खत्म करना, समय की बर्बादी को कम करना और खिलाड़ियों तथा फैंस दोनों के लिए खेल को और रोमांचक बनाना है। आइए विस्तार से जानिए इन 7 नए नियमों और इनके प्रभाव के बारे में।
1. प्लेयर कवरिंग माउथ
खेल के दौरान खिलाड़ियों के मुंह को ढकने का नया नियम लागू किया गया है। यदि कोई खिलाड़ी अपने मुंह को हाथ, बाजू या शर्ट से ढकता है, तो उसे सीधे रेड कार्ड मिलेगा। यह नियम खिलाड़ियों को लड़ाई-झगड़े जैसी स्थिति से बचाने और खेल में अनुशासन बनाए रखने के लिए है। हालांकि, यदि खिलाड़ी अपने साथी खिलाड़ी से बातचीत कर रहा हो तो यह नियम लागू नहीं होगा। इस बदलाव का उद्देश्य खेल की गरिमा बनाए रखना और खिलाड़ियों को भड़काने वाले व्यवहार से रोकना है।
2. प्लेयर्स लीविंग फील्ड ऑफ प्लेजो
यदि कोई खिलाड़ी खेल मैदान छोड़कर रेफरी के फैसले के खिलाफ विरोध करता है, तो उसे भी रेड कार्ड मिलेगा। यह नियम खिलाड़ियों और टीम के अधिकारियों दोनों पर लागू होगा। इसका मकसद खिलाड़ियों को अनुशासन में रखने और खेल में अत्यधिक अफरा-तफरी को कम करना है। साथ ही, यदि किसी टीम के कारण मैच रद्द होता है, तो संबंधित टीम को फोरफीट दी जाएगी। यह नियम खिलाड़ियों को खेल के दौरान नियमों का सम्मान करने के लिए प्रेरित करेगा।
3. थ्रो इन और गोल किक काउंटडाउन
यह नियम खेल में समय की स्पष्टता लाने के लिए है। अब से रेफरी हाथ उठाकर पांच सेकंड का काउंटडाउन शुरू करेंगे। यदि इस अवधि में गेंद खेल में नहीं आती है, तो विरोधी टीम को थ्रो-इन दिया जाएगा। यदि गोल किक के दौरान ये समय समाप्त हो जाता है और गेंद गोल में नहीं जाती है, तो विरोधी टीम को कॉर्नर किक मिलेगी। यह बदलाव खेल की गति को तेज करने और समय की बर्बादी को रोकने के लिए है।
4. सब्स्टीट्यूशन प्रोटोकॉल
खिलाड़ियों के बदलाव के नए नियम के अनुसार, जब भी कोई खिलाड़ी सब्सटीट्यूशन के लिए बैनर पर नाम आएगा, तो उसे 10 सेकंड के अंदर मैदान छोड़ना होगा। खिलाड़ी को बाउंड्री लाइन के सबसे करीबी कोने से मैदान छोड़ना होगा। यदि वह समय सीमा पूरी नहीं करता है, तो आने वाले खिलाड़ी को एक मिनट का इंतजार करना पड़ेगा। यह नियम खेल की रफ्तार बनाए रखने और बदलाव प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने के लिए है।
5. ऑफ फील्डर ट्रीटमेंट
अगर मेडिकल स्टाफ घायल खिलाड़ी का उपचार करने के लिए मैदान पर आता है, तो आउटफील्ड खिलाड़ी को खेल फिर से शुरू होने के बाद एक मिनट के लिए मैदान छोड़ना पड़ेगा। यह नियम गंभीर चोटों जैसे सिर में चोट या कनकशन पर लागू होगा। गोलकीपर की चोट, गोल की टक्कर या घायल खिलाड़ी को पेनल्टी मिलने जैसी स्थिति में यह नियम लागू नहीं होगा। इसका उद्देश्य खेल के दौरान खिलाड़ियों और मेडिकल टीम के बीच समन्वय को सुनिश्चित करना है, जिससे खेल की रफ्तार और सुरक्षा दोनों बनी रहे।
6. वीडियो असिस्टेंट रेफरी (VAR) के नए प्रोटोकॉल
VAR का इस्तेमाल पहले ही फुटबॉल में हो रहा है, लेकिन अब इसके नियमों में बदलाव किए गए हैं। अब VAR इन मामलों में दखल दे सकता है:
- गलत येलो या रेड कार्ड देना।
- किसी खिलाड़ी की गलती की गलत पहचान।
- गलत कॉर्नर किक का निर्णय।
- खेल फिर से शुरू होने से पहले किसी फाउल का गलत फैसला।
इन बदलावों का मकसद फैसलों की सटीकता बढ़ाना और खेल में गलतियों को कम करना है। इससे खेल निष्पक्ष और पारदर्शी बनेगा।
7. हाइड्रेशन ब्रेक
खेल में खिलाड़ियों की सेहत का ध्यान रखते हुए, अब हर हाफ में तीन मिनट का हाइड्रेशन ब्रेक लिया जाएगा। यह ब्रेक हर हाफ के लगभग 22वें मिनट पर होगा। रेफरी को इस दौरान थोड़ी फ्लेक्सिबिलिटी दी गई है, ताकि यदि किसी खिलाड़ी को चोट या थकान हो तो वह ब्रेक को बढ़ा सकते हैं। यह बदलाव खिलाड़ियों को अधिक आराम और सुरक्षा प्रदान करेगा, जिससे वे बेहतर प्रदर्शन कर सकेंगे।
FIFA World Cup 2026 में लागू होने वाले ये सात नए नियम, खेल के स्वरूप में क्रांतिकारी बदलाव ला सकते हैं। इन नियमों का मुख्य उद्देश्य खेल की गति, निष्पक्षता, सुरक्षा और खिलाड़ियों तथा दर्शकों का अनुभव बेहतर बनाना है। यह बदलाव खेल को और भी अधिक रोमांचक और प्रतिस्पर्धात्मक बनाने का संकेत हैं। जैसे-जैसे इन नियमों का अभ्यास और अनुभव होगा, वैसे-वैसे फुटबॉल का खेल और भी मनोरंजक और सटीक साबित होगा। फुटबॉल प्रेमियों के लिए यह खबर उत्साहवर्धक है कि अब खेल न केवल तेज होगा, बल्कि अधिक अनुशासित एवं निष्पक्ष भी रहेगा।
























