भारत की आजादी की 80वीं वर्षगांठ का यह पावन अवसर पूरे देश में अपार उत्साह और गर्व के साथ मनाया गया। इस ऐतिहासिक मील के पत्थर पर महाराष्ट्र राज्य ने भी देशभक्ति का ऐसा नजारा पेश किया, जो लंबे समय तक याद रखा जाएगा। राज्य सरकार के सख्त निर्देशों के अनुसार, महाराष्ट्र के सभी 36 जिलों में सुबह 9:05 बजे एक साथ ध्वजारोहण कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस दौरान मुंबई, पुणे, ठाणे और बीड समेत विभिन्न हिस्सों में राज्य के शीर्ष नेतृत्व ने तिरंगा फहराकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
मुंबई: सीएम देवेंद्र फडणवीस ने रोशन किया तिरंगा
महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में राज्य के प्रशासनिक मुख्यालय (मंत्रालय) पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने ध्वजारोहण की मुख्य रस्म अदायगी की। इस गौरवपूर्ण कार्यक्रम में उनके साथ महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) सदानंद दाते सहित राज्य के वरिष्ठ अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
तिरंगा फहराने के बाद सीएम फडणवीस ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर शहीदों के प्रति गहरा नमन व्यक्त किया। अपने संबोधन में उन्होंने ‘विकसित भारत@2047’ के बड़े विजन पर प्रकाश डाला। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि महाराष्ट्र इस सपने को साकार करने में अग्रणी भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक, मजबूत बुनियादी ढांचे और समावेशी सामाजिक कल्याण योजनाओं के जरिए राज्य सरकार हर नागरिक के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
पुणे: राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने की राष्ट्रध्वज को सलामी
वहीं, सांस्कृतिक राजधानी पुणे में मुख्य जिला-स्तरीय समारोह का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा ने की। उन्होंने ध्वजारोहण कर पवित्र तिरंगे को सलामी दी। इस दौरान राज्यपाल ने भव्य समारोह में उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया।
उन्होंने अपने भाषण में महाराष्ट्र की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर और विकास की अनूठी गाथा को सामने रखा। राज्यपाल वर्मा ने खासकर युवा वर्ग का आह्वान किया कि वे अपनी असीम ऊर्जा और नवाचार की शक्ति का इस्तेमाल राष्ट्र निर्माण के बड़े कार्यों में करें। उन्होंने कहा कि 80वां स्वतंत्रता दिवस केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए जिम्मेदारियों का अहसास कराने का एक माध्यम है।
भारत माता की जय!🇮🇳
LIVE | भारतीय स्वातंत्र्य दिनानिमित्त ध्वजारोहण
🕘 स. ९.०१ वा. | १५-८-२०२६📍मंत्रालय, मुंबई.#Maharashtra #IndiaIndependenceDay #JaiHind https://t.co/10LgGHBuD9
— Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) August 15, 2026
ठाणे: एकनाथ शिंदे ने दी देशभक्ति की गरज
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने ठाणे जिला कलेक्टर कार्यालय परिसर में ध्वजारोहण किया। इस कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों, विभागीय कर्मचारियों और आम नागरिकों की भारी भीड़ उमड़ी। शिंदे ने तिरंगा फहराने के बाद सभी को स्वतंत्रता दिवस की दिल से शुभकामनाएं दीं और ठाणे जिले के विकास के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
बीड: सुनेत्रा पवार ने संभाली कमान
इस बीच, महाराष्ट्र की दूसरी उपमुख्यमंत्री और बीड जिले की पालकमंत्री सुनेत्रा पवार ने अपने गृह जिले में ध्वजारोहण कार्यक्रम की अगुवाई की। उन्होंने तिरंगे को सलामी दी और बीड की जनता को 80वें स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाई दी। उनकी उपस्थिति में आयोजित इस समारोह ने मराठवाड़ा क्षेत्र में देशभक्ति का एक अनूठा संदेश दिया।
कड़ी सुरक्षा और भव्य परेड का जवाब नहीं
इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई कोई-कमी नहीं रखी गई थी। मुंबई के मंत्रालय परिसर और पुणे के मुख्य समारोह स्थल पर पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों ने मिलकर विशेष परेड का आयोजन किया। इस परेड ने कार्यक्रम की भव्यता को कई गुना बढ़ा दिया।
पूरे महाराष्ट्र में जिला कलेक्टर कार्यालयों, तहसील स्तरीय कार्यालयों, सरकारी भवनों और स्कूलों में तिरंगे की लहर दिखी। स्वतंत्रता सेनानियों के परिवारों को सम्मानित करने के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। जैसे ही सुबह 9:05 बजे तिरंगा फहराया गया, राष्ट्रगान की धुन से पूरा राज्य गूंज उठा। ‘जन गण मन’ और अन्य देशभक्ति गीतों की गूंज ने वातावरण को पूरी तरह से अनुशासन और देशप्रेम से भर दिया।
यह 80वीं वर्षगांठ महाराष्ट्र के लिए केवल एक औपचारिकता नहीं थी, बल्कि यह एक ऐसा मंत्र था, जिसने प्रत्येक नागरिक को ‘विकसित भारत’ के निर्माण में अपना योगदान देने के लिए प्रेरित किया।


























